गोविन्दगढ (अलवर). उपखंड के गांव सहजपुर में गोचर भूमि पर शव दफनाने को लेकर विवाद हो गया। झगड़े की आशंका को देखते हुए मौके पर एडिशनल एसपी शंकरलाल, एसडीओ सुशीला मीणा मौके पर पहुंच गए। इस दौरान पूरा गांव पुलिस छावनी में तब्दील हो गया।
पुलिस ने बताया कि जुनेद की पत्नी शकीना के मंगलवार को लडक़ा हुआ था। बुधवार को नवजात की मौत हो गई। जिससे दफनाने के लिए जुनेद परिवार के साथ गोचर भूमि में पहुंचा और कब्र खोद दी। जिसकी सूचना पुलिस कंट्रोल रूम को मिली। जिसमें बताया कि गोचर भूमि पर कब्जा करने का प्रयास किया जा रहा है, जबकि सहजपुर गांव में कब्रिस्तान अन्य स्थान पर हैं। उपखंड अधिकारी गोविंदगढ़ को भी पांच माह पहले इस संदर्भ में ज्ञापन दिया था। आरोप है कि प्रशासन ने इस पर कार्रवाई नहीं की। वही जुनेद ने बताया कि इस गोचर भूमि को वे 2013 से कब्रिस्तान की भूमि के रूप में उपयोग कर रहे है। उसके बेटे की मौत के बाद यहां शव दफनाने पहुंचे थे। इधर सूचना पर मौके पर दो थानों की पुलिस तैनात रही। पूरा गांव छावनी में तब्दील हो गया। गोविंदगढ़ थाना अधिकारी ताराचंद शर्मा, रामगढ़ थाना अधिकारी सुरेंद्र कुमार भी मौके पर मौजूद रहे। आरोप है कि गोचर भूमि पर कब्जा करने और शव दफनाने को लेकर शिकायतकर्ता को धमकाया गया।
फिलहाल शांति है
इधर मामले में थाना अधिकारी सुरेंद्र कुमार का कहना है कि कंट्रोल रूम पर सूचना मिली थी कि गोचर भूमि पर शव दफनाया जा रहा है। मौके पर पहुंचे तो भूमि पर दोनों पक्षों का कब्जा था। फिलहाल शांति व्यवस्था बनी हुई है। वहीं एसडीओ सुशीला मीणा का कहना है कि पटवारी से मौका रिपोर्ट तैयार करवा कर तथा पक्का निर्माण कार्य की रिपोर्ट कलक्टर साहब को भेजकर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाएगी।