31 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का कोई कर रहा समर्थन तो कोई राजनीति, फिर से गड़वाया पंडाल

अपनी मांगों को लेकर 22 दिनों से आंगनबाड़ी कार्यकर्ता बैठीं हुई हैं हड़ताल पर, प्रशासन ने उखड़वाया था पंडाल

2 min read
Google source verification
MLA in strike

MLA in Anganwadi workers protest

अंबिकापुर. आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा मानदेय बढ़ाने व नियमितीकरण की मांग को लेकर चल रहे विरोध प्रदर्शन ने अब पूरी तरह से राजनीतिक रंग ले लिया है। मंगलवार को विभिन्न कर्मचारी संगठनों के साथ-साथ सीतापुर विधायक भी आंबा कार्यकर्ताओं व सहायिकाओं के समर्थन में धरना स्थल पहुंच गए और सरकार के खिलाफ बोलने में कोई भी चूक नहीं की। आंबा कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों के समर्थन में धरना-प्रदर्शन के बाद शहर में रैली निकाली।


आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पिछले 22 दिन से अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठी हुई हैं। सोमवार को सासंद कमलभान सिंह द्वारा धरने पर बैठी कार्यकर्ताओं को मनाने का प्रयास किया गया था लेकिन उन्हें बैरंग लौटना पड़ा था। मंगलवार को आंबा कार्यकर्ताओं के विरोध-प्रदर्शन में राजनीति शुरू हो गई।

छत्तीसगढ़ तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ सहित अन्य कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों ने न केवल इनकी मांगों का समर्थन किया, बल्कि अपने काम को ठप कर प्रदर्शन में शामिल भी हुए। इसके साथ ही आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की मांगों का समर्थन करने सीतापुर विधायक अमरजीत भगत भी पहुंच गए। इस दौरान उन्होंने छत्तीसगढ़ सरकार को कोसने का मौका भी नहीं छोड़ा।

उन्होंने अंाबा कार्यकर्ताओं को कहा कि जब सरकार आपको नियमित कर्मचारी नहीं मानती है तो राशन कार्ड से आपको वंचित कैसे रख सकती है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि कांग्रेस के शासन में प्रदेश सरकार का कुल बजट 5 हजार करोड़ का था। आज यह बजट बढ़कर ८७ हजार करोड़ का हो गया है।

इसके बावजूद डॉ रमन सिंह के राज्य में न तो कर्मचारी, किसान और आंबा कार्यकर्ता खुश हैं। इतनी बड़े बजट का उपयोग सरकार कहां कर रही है। यह सब जानते हैं। इस दौरान छत्तीसगढ़ तृतीय कर्मचारी संघ के अध्यक्ष आनंद सिंह, मो. खालिद, अनंत सिन्हा सहित अन्य लोग उपस्थित थे।


आंबा कार्यकर्ताओं ने शहर में निकाली रैली
आंबा कार्यकर्ताओं ने शहर में कर्मचारी नेताओं के साथ रैली निकालकर प्रदर्शन किया। धरना स्थल से शुरू हुई रैली संगम चौक होते हुए ब्रम्ह रोड, पुराना बस स्टैंड से होते हुए सदर रोड से वापस धरना स्थल पहुंचकर खत्म हुई।


दो दिन पहले प्रशासन ने उखड़वाया था पंडाल
दो दिन पहले धरना स्थल पर पहुंच महिला बाल विकास अधिकारी निशा मिश्रा ने पहुंच टेंट व पंडाल उखड़वाया दिया था लेकिन मंगलवार को कर्मचारी नेताओं ने वापस पंडाल लगवा दिया और आंबा कार्यकर्ताओं के साथ धरने पर बैठ गए।

Story Loader