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हब्बल अंतरिक्ष टेलिस्कोप में आई खराबी, वैज्ञानिकों ने जताई चिंता

टेलीस्कोप ने एक गाइरोस्कोप के काम बंद कर देने के कारण अपना संचालन अस्थाई रूप से बंद कर दिया है
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नई दिल्ली

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Mohit Saxena

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Updated: 9 Oct 2018, 2:15 PM IST

telescope

हब्बल अंतरिक्ष टेलिस्कोप में आई खराबी,वैज्ञानिकों ने जताई चिंता

वॉशिंगटन। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने बताया कि वर्ष 1990 से कक्षा में मौजूद हब्बल अंतरिक्ष टेलीस्कोप ने एक गाइरोस्कोप के काम बंद कर देने के कारण अपना संचालन अस्थाई रूप से बंद कर दिया है। गाइरोस्कोप एक वैज्ञानिक उपकरण है। इस उपकरण से घूमती हुई वस्तुओं की गति ज्ञात करते हैं। नेशनल एयरोनॉटिक्स ऐंड स्पेस एडमिनिस्ट्रेशन (नासा) के अनुसार हब्बल शुक्रवार को सुरक्षित मोड में चला गया था।

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सुरक्षित मोड में प्रवेश कर गया हब्बल

नासा ने सोमवार को एक बयान में कहा कि टेलिस्कोप को स्थिर करने एवं लक्ष्य को केंद्रित करने वाले तीन में से एक गाइरोस्कोप के काम न करने की वजह से हब्बल सुरक्षित मोड में प्रवेश कर गया। बीते दिनों हब्बल की मदद से ही खगोलविदों ने सौरमंडल के बाहर चांद होने की बात कही थी। बयान में कहा गया कि सुरक्षित मोड टेलीस्कोप को एक स्थिर स्थिति में तब तक रखता है जब तक कि ग्राउंड कंट्रोल (निगरानी करने वाला उपकरण या कर्मी) इस समस्या को सुधार नहीं लेता और मिशन फिर सामान्य रूप से काम नहीं करने लगता।

हब्बल के उपकरण पूरी तरह से काम कर रहे

नासा ने कहा कि हब्बल के उपकरण पूरी तरह से काम कर रहे हैं और आने वाले सालों में विज्ञान के क्षेत्र में इनसे बेहतरीन नतीजे मिलने की उम्मीद है। हब्बल में छह गाइरोस्कोप हैं, जो टेलीस्कोप को आधार देते हैं। वर्तमान में हब्बल में दो गाइरोस्कोप काम कर रहे हैं और उसे सर्वोत्कृष्ट काम के लिए कम से कम तीन की जरूरत है। बता दें कि पिछले हफ्ते ही खगोलविदों ने पहली बार सौरमंडल के बाहर एक और चांद होने सबूत खोजे थे। वैज्ञानिकों ने इसके लिए ह्यूबल और केप्लर स्पेस टेलिस्कॉप का इस्तेमाल किया था।