आगरा

अक्षय तृतीया: अगर आप भी इस दिन सोना खरीदने की सोच रहे हैं तो ये खबर जरूर पढ़ लें ताकि धोखा न खाएं!

18 अप्रैल 2018 को है अक्षय तृतीया। इस दिन सोना खरीदना बेहद शुभ माना जाता है। इसी मान्यता के साथ ज्यादातर लोग इस दिन सोना खरीदते हैं।
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Apr 11, 2018
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हर साल बैशाख मास की शुक्ल पक्ष की तृतीया को अक्षय तृतीया के नाम से जाना जाता है। इस बार अक्षय तृतीया 18 अप्रैल को है। ज्योतिषाचार्य डॉ. अरविंद मिश्र के मुताबिक अक्षय तृतीया का दिन धन प्राप्ति के लिए सर्वश्रेष्ठ दिन माना गया है। इस दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की खास पूजा की जाती है। साथ ही इस दिन सोना खरीदना भी शुभ माना जाता है। ज्योतिषाचार्य के मुताबिक अक्षय तृतीया के दिन घर में लाया गया सोना स्थायी धन का परिसूचक होता है। यदि आप भी इस बार अक्षय तृतीया के मौके पर सोना खरीदने का सोच रहे हैं तो उसकी शुद्धता जरूर परख लें। जानें क्या हैं सोने की शुद्धता के मानक।

यदि दुकानदार आभूषण में 24 कैरेट की बात कहे
यदि दुकानदार आपसे आभूषण खरीदते समय उसमें 24 कैरेट का सोना होने का दावा करें तो अलर्ट हो जाएं क्योंकि 24 कैरेट के सोने का आभूषण नहीं बनता। सबसे शुद्ध सोना 24 कैरेट का होता है और वो इतना मुलायम होता है कि उससे आभूषण तैयार नहीं किया जा सकता। आभूषणों के लिए सामान्यत: 22 कैरेट सोने का इस्तेमाल किया जाता है। वहीं डायमंड के आभूषण में 18 कैरेट का सोना इस्तेमाल होता है।

अंकों के जरिए परखें शुद्धता
आभूषण पर हमेशा हॉलमार्क के निशान वाला ही खरीदें क्योंकि ये सरकारी गारंटी है। ऐसी ज्वैलरी पर हॉलमार्क के निशान के अलावा कुछ अंक जैसे 999, 916, 875 आदि लिखे होते हैं। इन्ही अंकों के जरिए सोने की शुद्धता को परखा जाता है। 999 नंबर का मतलब 24 कैरेट सोना होता है। 958 नंबर 23 कैरेट, 916 का मतलब 22 कैरेट सोना, 875 यानी 21 कैरेट और 750 नंबर वाला आभूषण 18 कैरेट सोने का होगा।

अखबार में सोने का मूल्य देखकर खरीददारी के लिए जाएं
अखबार में दिए गए मूल्य पर नजर रखें। ज्वैलरी खरीदने से पहले उस दिन का मूल्य जरूर देखें और बताए जा रहे फार्मूले से रेट निकालें। आज का रेट/24xजितने कैरेट का सोना खरीदना हो। जैसे 24 कैरेट सोने की कीमत 27 हजार है तो 27000/24x22=24750 रुपए 22 कैरेट के आभूषण की होगी। इसके उपर कुछ रुपए आभूषण बनवाई के लग सकते हैं।

हाथ से लिखी रसीद न लें
कई बार सुनार आपको ऐसे ही हाथ से लिखी रसीद दे देते हैं बाद में इससे मुकर जाते हैं। लिहाजा परेशानी आपको उठानी पड़ती है। इसलिए गोल्ड की खरीददारी के समय पक्की रसीद लें। बिल में सोने का कैरेट, मेकिंग चार्ज और हॉलमार्क का जिक्र होना चाहिए।

Published on:
11 Apr 2018 12:21 pm