आज से होगा प्रारंभ, वाहन चालकों को मिलेगी राहत
अहमदाबाद. अब किसी भी प्रादेशिक परिवहन कार्यालय (आरटीओ) से वाहन चालक अपने ड्राइविंग लाइसेंस का नवीनीकरण करा सकेंगे। गुरुवार से वाहन चालक परिवहन विभाग की वेबसाइट पर अपने पसंदीदा आरटीओ के लिए एप्वाइन्टमेन्ट ले सकते हैं।
परिवहन आयुक्त कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि मौजूदा समय में जिस आरटीओ से वाहन चालक ने ड्राइविंग लाइसेंस बनवाया हो उसे सारथी-4 सॉफ्टवेयर से परिवहन विभाग की वेबसाइट पर जरूरी दस्तावेज अपलोड कर और स्लोट बुकिंग से दिनांक और समय निर्धारित कर उसी आरटीओ कार्यालय में ड्राइविंग लाइसेंस नवीनीकरण कराने जाना होता है।
ड्राइविंग लाइसेंस हासिल करने के बाद उस वाहन चालक को नौकरी, विवाह, व्यवसाय के लिए अन्यंत्र जाना होता है। उस समय यदि वाहन चालक के ड्राइविंग लाइसेंस की अवधि पूर्ण हो जाती है तो उसे मूल कार्यालय में ही ड्राइविंग लाइसेंस का नवीनीकरण कराने के लिए जाना होता है। इसके चलते उस वाहन चालक का न सिर्फ समय व्यर्थ होता है बल्कि रुपए भी ज्यादा खर्च होते हैं। अब जब तकनीकी विकल्प है तो नवीनीकरण की प्रणाली को लेकर पुन: विचार करना जरूरी है। मौजूदा समय में सारथी-4 में ड्राइविंग लाइसेंस धारकों का डाटा उपलब्ध है। इसके चलते गुरुवार से आमजन को यह सुविधा किसी भी आरटीओ में उपलब्ध होगी, जहां से डाइविंग लाइसेंस के नवीनीकरण कराने के लिए आवेदन कर सकते हैं लेकिन इस प्रक्रिया के दौरान मूल लाइसेंस के ड्राइविंग नंबर, जन्म तिथि, जारी करने की तिथि समय जानकारी नहीं बदली जा सकेगी। आवेदक को परिवहन विभाग की वेबसाइट पर अपने पसंदीदा आरटीओ कार्यालय का चयन कर एप्वाइन्टमेन्ट प्राप्त करना होगा।
बंजर जमीन में हरियाली, स्प्रिंकलर से बगीचे की सिंचाई
अहमदाबाद. कांकरिया यार्ड की बंजर जमीन में इन दिनों से हरियाली छाई है। कई माह पूर्व यहां पत्थर, मिट्टी और कूड़े का ढ़ेर पड़ा हुआ था, लेकिन रेलकर्मियों के श्रमदान से अब यहां बगीचे बना दिए गए हैं, जहां पौधे लहलहा रहे हैं और लालिमा छाई है। बगीचे में पेड़-पौधों के लिए ड्रिप इरीगेशन एवं घास की सिंचाई के लिए स्प्रिंकलर लगाए गए हैं।
कांकरिया कोचिंग डिपो के वरिष्ठ कोचिंग अधिकारी एस.टी. राठौड़ ने बताया कि यह सिस्टम लगाने से पानी की बचत होगी। फिलहाल कोचिंग डिपो में चार बगीचे बनाकर खुशनुमा माहौल बनाने का प्रयास किया जा रहा है। डिपो कर्मचारी की मेहनत रंग ला रही है। उन्होंने बताया कि बगीचों में पौधों की सिंचाई के लिए ड्रिप इरीगेशन एवं स्प्रिंकलर सिस्टम लगाया गया है। साथ ही क्लीनिंग डिपो में हाई प्रेसर जेट का इस्तेमाल किया जाएगा। डिपो में और भी पौधे लगाए जाएंगे। उन्होंने बताया कि अब ज्यादातर ट्रेनों में बायो टॉयलेट लगाए जा रहे हैं। यात्रियों में बायो टॉयलेट के प्रति जागरुकता के लिए अहमदाबाद रेलवे स्टेशन के एक बायो टॉयलेट लगाया जाएगा।