Admission process: कुलपति पर लगी पाबंदी से नुकसान में है विश्वविद्यालय।
महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय में अटकी दाखिलों की प्रक्रिया शुरू होने के आसार हैं। प्रशासन ने प्रवेश समिति का गठन कर दिया है। समिति जल्द बैठक कर दाखिलों की अधिसूचना जारी करेगी।
विश्वविद्यालय में इतिहास, राजनीति विज्ञान, अर्थशास्त्र, जनसंख्या अध्ययन, रिमोट सेंसिंग, पर्यावरण विज्ञान, कम्प्यूटर, प्योर एन्ड एप्लाइड केमिस्ट्री, कॉमर्स, पत्रकारिता एवं जनसंचार, पुस्तकालय विज्ञान, योग, खाद्य एवं पोषण, विधि, हिन्दी और अन्य कोर्स संचालित है। सत्र 2019-20 के लिए इन कोर्स में प्रवेश दिए जाने हैं।
यूं अटकी हुई है प्रक्रिया
बीते 10-15 साल से विश्वविद्यालय 1 से 8 जून के बीच आवेदन लेना शुरू करता रहा है। ताकि विद्यार्थियों को समय रहते प्रवेश मिल जाएं। साथ ही जुलाई में नए सत्र के शुरुआत में दिक्कत नहीं हो। इस बार कुलपति के कामकाज पर लगी पाबंदी से विश्वविद्यालय के हालात खराब हो चुके हैं। हाल में राजभवन में हुई वीडियो कॉन्फे्रंसिंग में भी यह मुद्दा उठा। राजभवन ने तत्काल प्रवेश प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए हैं।
कमेटी का गठन
प्रशासन ने दाखिलों की प्रक्रिया, नियमावली तैयार करने के लिए समिति का गठन कर दिया है। कमेटी एक-दो दिन में बैठक कर अधिसूचना जारी करेगा। इसके आधार पर विश्वविद्यालय के पाठ्यक्रमों के लिए ऑनलाइन फार्म लिए जाएंगे।
लगाया ये रोड़ा...
राजभवन ने महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय को सूचना प्रौद्योगिकी विभाग के पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन लेने को कहा। विश्वविद्यालय इससे पसोपेश में है। दरअसल यहां कुलपति के कामकाज पर रोक लगी हुई है। प्रवेश प्रक्रिया की शुरुआत और संयुक्त पोर्टल से दाखिले दिए जाने जैसे अहम फैसले कुलपति ही ले सकते हैं। पिछले साल कई विश्वविद्यालयों ने संयुक्त पोर्टल से दाखिले दिए थे। यह प्रयोग उनके लिए नुकसानदायक साबित हुआ था।