अजमेर

रोडवेज की आय में निजी यात्री बसों का ब्रेक

पुराने बस स्टैण्ड से फिर दौडऩे लगी निजी बसें, यातायात पुलिस और परिवहन विभाग गंभीर नहीं
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May 22, 2019
Breakaway of private traveler buses in roadways earnings
रोडवेज की आय में निजी यात्री बसों का ब्रेक

मदनगंज-किशनगढ़ (अजमेर). व्यावसायिक प्रतिस्पद्र्धा के चलते राजस्थान पथ परिवहन निगम की आय को निजी यात्री बसें घाटा पहुंचा रही है। रोडवेज बस स्टैण्ड से सटकर निजी बसों को खड़ी करने, कम किराए का लालच देने, गंतव्य स्तान पर जल्दी पहुंचाने सहित कई लालच देकर अजमेर रोड स्थित पुराने बस स्टैण्ड समीप निजी बसों का संचालन फिर से शुरू हो गया है। परिवहन विभाग और यातायात पुलिस की सख्ती के चलते कुछ दिनों के लिए बंद हुआ था, जो फिर से शुरू हो गया है।

यातायात व्यवस्था प्रभावित

पुराने रोडवेज बस स्टैण्ड और नए बस स्टैण्ड के बाहर से निजी बसों का संचालन यातायात व्यवस्था को प्रभावित कर रहा है। राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम की बसों के आगे निजी बसें संचालित होती है। इसके चलते सवारियों को बैठाने के चक्कर में कई बार विवाद हो चुका है। रोडवेज से कम किराए का लालच देकर निजी बसों में यात्रियों को बैठाया जाता है।

रोडवेज प्रशासन और पुलिस की सख्ती के चलते कुछ समय पहले पुराना बस स्टैण्ड के बाहर से निजी बसों का संचालन बंद हुआ था, लेकिन अब वह पुन: प्रारंभ हो गया है। हालांकि गत दिनों परिवहन विभाग की ओर से इनके खिलाफ चालान आदि बनाए गए थे, लेकिन उसके बावजूद ढाक के तीन पात वाली कहावत चरितार्थ हो रही है। स्थानीय प्रशासन और यातायात पुलिस इस ओर ध्यान देना मुनासिब नहीं समझ रही है।

हजारों रुपए के राजस्व का नुकसान

बस स्टैण्ड के बाहर से निजी बसें संचालित होने से रोडवेज प्रबंधन को प्रतिदिन हजारों रुपए का नुकसान हो रहा है। रोडवेज बस स्टैण्ड के आस-पास के क्षेत्र से भी बसों का संचालन नहीं किया जा सकता है। इसके बावजूद निजी बसों का धड़ल्ले से संचालन हो रहा है।

यात्रियों को देते हैं कम किराए का लालच

नए रोडवेज बस स्टैण्ड के सामने भी टेवल्स कम्पनी ने अपना बोर्ड लगा दिया है। लम्बी दूरी की रोडवेज बसों के आगमन पर निजी बसों के एजेंट के रूप में काम करने वाले लोग यात्रियों को कम किराए का लालच देकर निजी बसों में बैठा देते है। इससे रोडवेज प्रतिदिन हजारों रुपए का नुकसान हो रहा है।

इनका कहना है

बस स्टैण्ड समीप टे्रवल्स एजेंसी का बोर्ड लगा दिया है। यात्रियों को कम किराए का लालच देकर निजी बसों में बैठाते हैं। इससे उच्चाधिकारियों को भी अवगत करा दिया है।
रामेश्वर प्रजापति, स्थानी प्रभारी राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम किशनगढ़।

- सिटी में से निजी बसों का संचालन नहीं किया जा सकता। इनका परमिट ग्रामीण क्षेत्रों का है। परिवहन विभाग की ओर से गत दिनों इनके चालान आदि बनाए थे। अब फिर से कार्रवाई की जाएगी।
राधेश्याम शर्मा, डीटीओ किशनगढ़

Published on:
22 May 2019 01:53 am