अजमेर के पास नेशनल हाईवे पर उस वक्त चीख-पुकार मच गई जब अहमदाबाद से जयपुर जा रही एक तेज रफ्तार वीडियो कोच बस अचानक बेकाबू होकर पलट गई। शुरुआती जांच में जो वजह सामने आई है, उसने हर किसी को सन्न कर दिया है। बताया जा रहा है कि बस चला रहे ड्राइवर को अचानक 'साइलेंट हार्ट अटैक' आया, जिसके बाद उसका स्टीयरिंग से नियंत्रण छूट गया और बस काल का ग्रास बन गई।
अजमेर। राजस्थान के अजमेर जिले में सेंदरिया के पास एक रूह कंपा देने वाला सड़क हादसा सामने आया है। अहमदाबाद से जयपुर की ओर जा रही एक निजी वीडियो कोच बस अनियंत्रित होकर पलट गई। इस दर्दनाक हादसे में ड्राइवर की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 20 से अधिक यात्री गंभीर रूप से घायल हुए हैं। पुलिस की प्राथमिक जांच में हादसे का कारण ड्राइवर को चलती बस में हार्ट अटैक आना माना जा रहा है।
हादसा अजमेर के सेंदरिया इलाके के नजदीक नेशनल हाईवे पर हुआ। चश्मदीदों के मुताबिक, बस अपनी सामान्य रफ्तार में जयपुर की तरफ बढ़ रही थी कि अचानक वह लहराने लगी और देखते ही देखते पलट गई। बस के पलटते ही भीतर सो रहे यात्रियों में कोहराम मच गया। चीख-पुकार के बीच स्थानीय लोग मदद के लिए दौड़े।
पुलिस के अनुसार, प्रथम दृष्टया यह सामने आया है कि बस चला रहे ड्राइवर की तबीयत अचानक बिगड़ी। चलती बस में उसे दिल का दौरा (Heart Attack) पड़ा, जिससे वह बेसुध हो गया। ड्राइवर के हाथ से स्टीयरिंग छूटते ही बस अनियंत्रित हुई और पलट गई। यह हादसा इतना अचानक था कि किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला।
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और एम्बुलेंस मौके पर पहुंची। बस की खिड़कियां तोड़कर घायलों को बाहर निकाला गया। इस हादसे में ड्राइवर की जान चली गई है। करीब 20 घायलों को तत्काल अजमेर के जवाहरलाल नेहरू (JLN) अस्पताल पहुंचाया गया है। इनमें से कुछ की हालत नाजुक बताई जा रही है, जिनका इलाज ट्रॉमा वार्ड में चल रहा है।
हादसे के बाद हाईवे पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। पुलिस ने क्रेन की मदद से दुर्घटनाग्रस्त बस को सड़क से हटाकर किनारे किया और यातायात सुचारू करवाया। पुलिस अब बस के मालिक और यात्रियों के परिजनों से संपर्क साधने की कोशिश कर रही है।
यह हादसा एक बार फिर लंबी दूरी की बसों के ड्राइवरों की सेहत और उनके काम के दबाव पर सवाल खड़ा करता है। क्या ड्राइवरों का नियमित स्वास्थ्य परीक्षण किया जा रहा है? चलती बस में हार्ट अटैक आने की बढ़ती घटनाएं सड़क सुरक्षा के लिए एक नई और गंभीर चुनौती बन गई हैं।