लोग तेज धूप और गर्मी से बचाव के लिए शरीर को कपड़े से ढांपकर ही निकले।
अजमेर. सूरज के तीखे तेवर कायम रहे।रविवार दोपहर तक सूरज ने आग बरसाई। बाद में मौसम बदल गया। घनघोर बादलों ने शाम करीब 5.15 बजे फुहारें छोड़ी। अधिकतम तापमान 39.3 डिग्री रहा। लगातार 9 दिन से पारा 35 डिग्री से नीचे नहीं उतरा है।
सुबह से ही गर्मी का असर तेज रहा। दोपहर होते-होते धूप में तीखापन और गर्माहट बढ़ गई। लोग छायादार स्थानों पर बैठे नजर आए। सडक़ों पर भी ज्यादा रौनक नजर नहीं आई। लोग तेज धूप और गर्मी से बचाव के लिए शरीर को कपड़े से ढांपकर ही निकले।
दोपहर बाद बादलों ने आसमान को घेर लिया। शहर के वैशाली नगर, पंचशील, माकड़वाली रोड, आनासागर लिंक रोड, जयपुर रोड और अन्य इलाकों में फुहारें पड़ी। हवा चलने से लोगों को गर्मी से मामूली राहत मिली।
चैत्र में गर्मी
नौ दिन से पारा 35 डिग्री से नीचे नहीं उतरा है। इस बार 31 मार्च को ही पारा 39.8 डिग्री तक पहुंच गया था। अप्रेल के पहले सप्ताह में ही गर्मी के तेवर तीखे बने हुए हैं। चार और पांच अप्रेल को तो पारा 41.3 और 42.2 डिग्री तक पहुंच गया था। मालूम हो कि वर्ष 2016 में 19 मई सबसे गर्म दिन था। इस दिन अजमेर में अधिकतम तापमान पचास साल का रिकॉर्ड तोडकऱ 46.2 डिग्री तक पहुंच गया था।