
दिवाली (Diwali) के अवसर पर अलवर में दो दिवसीय दीपोत्सव-2026 (Alwar Deepotsav 2026) का आगाज हो गया है। 6 और 7 नवंबर को आयोजित इस आयोजन के तहत शहर के ऐतिहासिक स्थल और प्रमुख बाजार रोशनी से जगमगा रहे हैं। अलवर टाइगर मैराथन ट्रस्ट, संयुक्त व्यापारी महासंघ, नगर निगम, यूआईटी और जिला प्रशासन की ओर से आयोजित दीपोत्सव में 11 हजार दीपक जलाने, लेजर लाइट शो (Laser Light Show), भजन संध्या और महाआरती जैसे कार्यक्रम रखे गए।
शुक्रवार दोपहर 3:30 बजे मूसी महारानी की छतरी पर टाइगर मैराथन-2027 (Tiger Marathon 2027) के प्री-कर्सर इवेंट के साथ कार्यक्रम की शुरुआत हुई। इसमें मैराथन के ब्रांड एंबेसडर और फिल्म अभिनेता रणदीप हुड्डा (Randeep Hooda), केंद्रीय वन मंत्री भूपेंद्र यादव और वन राज्य मंत्री संजय शर्मा शामिल हुए। इस दौरान अलवर नगर निगम की मेयर सुमनलता अग्रवाल, विधायक सुखवंत सिंह और भाजपा जिलाध्यक्ष अशोक गुप्ता सहित कई अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
कार्यक्रम में रणदीप हुड्डा ने कहा कि टाइगर मैराथन के जरिए अलवर को नई पहचान मिल रही है। इस दौड़ से जुड़ने वालों का आंकड़ा 20 हजार धावकों तक पहुंच गया है। उन्होंने कहा कि वे वन्यजीवों और प्रकृति से काफी पहले से जुड़े हुए हैं। सरिस्का ने अलवर की खूबसूरती को एक नई पहचान दी है। उन्होंने लोगों से टाइगर मैराथन से जुड़ने की अपील करते हुए कहा कि इसमें जीतना जरूरी नहीं है, बल्कि दौड़ में हिस्सा लेना ज्यादा महत्वपूर्ण है।
हुड्डा ने सरिस्का घूमने आने वाले पर्यटकों से भी अपील की कि वे जंगल में गंदगी नहीं फैलाएं और वन विभाग के नियमों का पालन करें। उन्होंने कहा कि प्रकृति और वन्यजीवों को बचाने में सभी की भागीदारी जरूरी है।
केंद्रीय वन मंत्री भूपेंद्र यादव ने कहा कि वे टाइगर कंजर्वेशन (Tiger Conservation) के लिए काम करना चाहते हैं। सरिस्का केवल टाइगर रिजर्व नहीं है, बल्कि यह करणी माता और नारायणी माता की स्थली भी है। उन्होंने कहा कि टाइगर संरक्षण को केवल बाघ बचाने की मुहिम के रूप में नहीं देखना चाहिए। प्रकृति की पूरी श्रृंखला एक-दूसरे से जुड़ी हुई है। यदि इसकी एक कड़ी टूटती है तो उसका असर पूरी पृथ्वी पर पड़ता है।
उन्होंने कहा कि टाइगर मैराथन के माध्यम से स्वस्थ नागरिक और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में काम किया जा रहा है। इस आयोजन का उद्देश्य लोगों को स्वास्थ्य, प्रकृति और वन्यजीव संरक्षण के प्रति जागरूक करना भी है।
दीपोत्सव के तहत शुक्रवार शाम 6 बजे होप सर्कस पर लेजर लाइट शो आयोजित किया गया। इसके बाद कंपनी बाग में संयुक्त रोटरी क्लब्स ऑफ अलवर की ओर से भजन जेमिंग और आध्यात्मिक सत्संग का आयोजन हुआ। रात 8 बजे शहर में 11 हजार दीपक जलाने का कार्यक्रम रखा गया। दो दिवसीय दीपोत्सव के जरिए शहरवासियों को दीपावली के अवसर पर सांस्कृतिक और आध्यात्मिक आयोजनों से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।