अलवर के सरिस्का टाइगर रिजर्व से सटे नटनी का बारा क्षेत्र में सोमवार शाम एक टाइगर के दिखाई देने से हड़कंप मच गया। पहाड़ की तलहटी में टाइगर की मौजूदगी ने ग्रामीणों की धड़कनें बढ़ा दी हैं।
अलवर के सरिस्का टाइगर रिजर्व से सटे नटनी का बारा क्षेत्र में सोमवार शाम एक टाइगर के दिखाई देने से हड़कंप मच गया। पहाड़ की तलहटी में टाइगर की मौजूदगी ने ग्रामीणों की धड़कनें बढ़ा दी हैं। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम ने मोर्चा संभाला और पूरे इलाके में अलर्ट जारी कर दिया है।
सरिस्का टाइगर रिजर्व के अकबरपुर रेंज क्षेत्र में इन दिनों वन्यजीवों की सक्रियता बढ़ गई है। सोमवार शाम को नटनी का बारा इलाके में टाइगर के कारण हड़कंप मच गया। ग्रामीणों व बच्चों ने पहाड़ की तलहटी में एक टाइगर को घूमते देखा।
वीडियो में देखा जा सकता है कि एक टाइगर पहाड़ी की तलहटी में है। इस दौरान कुछ बच्चों ने मोबाइल फोन से टाइगर का वीडियो भी बना लिया, जो अब सोशल मीडिया पर देखा जा रहा है। टाइगर की मौजूदगी अकबरपुर रेंज मुख्यालय से बेहद कम दूरी पर पाई गई है, जिससे वन कर्मियों और स्थानीय निवासियों की चिंता दोगुनी हो गई है।
ग्रामीणों की ओर से सूचना दिए जाने के तुरंत बाद अकबरपुर रेंज कार्यालय से वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। रेंजर हेमेंद्र सिंह ने बताया कि टाइगर की लोकेशन ट्रेस करने के लिए टीम लगातार फील्ड में है। टाइगर की सूचना मिलते ही हमारी टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। एहतियात के तौर पर रात के समय भी सघन गश्त (पेट्रोलिंग) की गई है ताकि टाइगर आबादी क्षेत्र की ओर न आए और किसी भी प्रकार की जनहानि को टाला जा सके।
वन विभाग ने नटनी का बारा और आसपास के गांवों में मुस्तैदी बढ़ा दी है। ग्रामीणों को हिदायत दी गई है कि वे रात के समय अकेले बाहर न निकलें और अपने पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर रखें। सरिस्का प्रशासन के अनुसार वर्तमान में सरिस्का के जंगल में टाइगर की संख्या बढ़कर 52 हो चुकी है, जिसके कारण अब टाइगर नए इलाकों की ओर रुख कर रहे हैं।
सरिस्का में हर साल बड़ी संख्या में देश-विदेश से पर्यटक टाइगर दीदार के लिए आते हैं। आबादी के इतने करीब टाइगर का दिखना रोमांचक तो है, लेकिन सुरक्षा की दृष्टि से बेहद संवेदनशील भी है। वन विभाग यह सुनिश्चित करने में जुटा है कि टाइगर से किसी की जनहानि नहीं हो।