अलवर

पहले नोटबंदी ने बाजार को धोया, अब इस वजह से बाजार है वेंटीलेटर पर

दो नम्बर से आ रही बनास की बजरी महंगी

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Jul 14, 2018
पहले नोटबंदी ने बाजार को धोया, अब इस वजह से बाजार है वेंटीलेटर पर

अलवर. पिछले करीब पौने दो सालों में नोटबंदी ने जितना प्रॉपर्टी के बाजार को धोया है अब उतना ही असर अवैध खनन की बजरी से पड़ रहा है। जो बची उम्मीद को निचोडऩे में लगी है। बनास के नाम से बिक रही बजरी के भाव 30 रुपए से बढ़कर 70 रुपए प्रति फीट पहुंच गए हैं जिसके कारण अलवर शहर, भिवाड़ी, नीमराणा, बहरोड़, शाहजहांपुर व खैरथल जैसे कस्बों में बड़ी-बड़ी इमारतें बिना प्लास्टर खड़ी हैं।
सरकार ने नवम्बर 2016 में 500 व 1000 रुपए के पुराने नोट बंद करने के बाद एकदम से प्रॉपर्टी का बाजार धराशायी हो गया था। निजी आवासीय सोसायटियों के निर्माण की रफ्तार ही रुक गई। खरीददार भी बैकफुट पर चले गए। हालात ये हो गए कि जो मकान बिक चुके थे उनका पैसा भी वापस होने लग गया। अभी तक बाजार पटरी पर नहीं लौटा है और बजरी की दीमक लग गई है। बजरी खनन पर रोक लगाने से बजरी की आवक रुक गई। वैसे तो अवैध खनन की बजरी चाहे जितनी खरीद लें लेकिन इसके भाव पिछले साल से करीब-करीब दोगुने पहुंच गए हैं। विशेष जरूरत के लोग ही इस समय मकान का निर्माण करा रहे हैं। अन्यथा अधिकतर लोग बजरी के भावों के सही समय का इन्तजार कर रहे हैं।

कितनी बड़ी सोसायटी है अधूरी

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अलवर शहर में करीब चार से पांच आवासीय सोसायटी के काम रुके हुए हैं। भिवाड़ी में करीब एक दर्जन से अधिक बड़ी सोसायटी अधूरी पड़ी हैं। नीमराणा व शाजहांपुर में भी कई जगहों पर निर्माण के कार्य नोटबंदी के बाद से ही अटके पड़े हैं। बहुत से लोगों के खरीदे फ्लैट भी उनको कम्पनियों में नहीं थमाए हैं। जिसके कारण कई हजार मकान अलवर जिले में अटके पड़े हैं।
वैसे इंजीनियर्स का कहना है कि बजरी व डस्ट में अन्तर है। बजरी की पकड़ डस्ट से अधिक मजबूत होती है। बजरी से बने मकानों की उम्र भी अधिक आंकी जाती रही है। विशेष परिस्थिति में डस्ट को काम में लेते हैं।

अवैध बजरी चाहो जितनी

शहर में अवैध बजरी महंगे दामों में चाहो जितनी ले सकते है। वैसे बजरी खनन पर रोक है। शहर में विजय नगर, 200 फीट रोड, ट्रंासपोर्ट नगर, प्रताप ऑडिटोरियम के निकट व तिजारा रोड सहित जगह-जगहों पर लोगों ने सड़क किनारे बिल्डिंग मैटेरियल डालकर अतिक्रमण कर रखा है। वहीं से दिन-रात सप्लाई कर रहे हैं। बजरी रात को सप्लाई हो रही है।

आप भी जानिए बजरी के भाव
बजरी का प्रकार, पुराने भाव 2016, नए भाव 2018
एक नम्बर लोकल, 20, 30
दो नम्बर बजरी, 18, 26
बनास की बजरी, 30, 70
रोडी की डस्ट, 22, 26
दो नम्बर डस्ट, 20, 24

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Published on:
14 Jul 2018 10:09 am
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