राजस्थान पुलिस स्थापना दिवस के गौरवमयी अवसर पर आज अलवर पुलिस लाइन के परेड ग्राउंड में भव्य समारोह का आयोजन किया गया।
राजस्थान पुलिस स्थापना दिवस के गौरवमयी अवसर पर आज अलवर पुलिस लाइन के परेड ग्राउंड में भव्य समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत अनुशासित और ओजस्वी परेड से हुई, जिसमें पुलिस जवानों ने कदम से कदम मिलाकर अपने बेजोड़ तालमेल और अनुशासन का प्रदर्शन किया। जिला पुलिस अधीक्षक (एसपी) सुधीर चौधरी ने परेड का निरीक्षण किया और जवानों की सलामी ली।
समारोह के दौरान पुलिस बेड़े के उन जांबाज अधिकारियों और जवानों को सम्मानित किया गया, जिन्होंने पिछले एक वर्ष में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और अपराध नियंत्रण में उत्कृष्ट और अति उत्कृष्ट कार्य किया है। एसपी सुधीर चौधरी ने उन्हें प्रशस्ति पत्र और पदक देकर प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम का सबसे भावुक और गर्व भरा क्षण वह रहा जब कर्तव्य की वेदी पर प्राण न्योछावर करने वाले शहीदों की वीरांगनाओं का सम्मान किया गया। एसपी ने उनके अदम्य साहस और बलिदान को याद करते हुए कहा कि पुलिस परिवार हमेशा उनके साथ खड़ा है।
आयोजित कार्यक्रम में जिला पुलिस अधीक्षक सुधीर चौधरी ने कहा कि राजस्थान पुलिस का ध्येय 'अपराधियों में डर और आमजन में विश्वास' है। पुलिस दिवस केवल एक उत्सव नहीं है, बल्कि यह हमारे सेवा, सुरक्षा और समर्पण के संकल्प को दोहराने का दिन है। अलवर पुलिस आधुनिक चुनौतियों का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार है।
पुलिस दिवस को केवल औपचारिक परेड तक सीमित न रखते हुए, इसे सेवा कार्य से भी जोड़ा गया। पुलिस लाइन में एक विशाल रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर की खास बात यह रही कि स्वयं पुलिसकर्मियों ने ड्यूटी के साथ-साथ सामाजिक जिम्मेदारी निभाते हुए बढ़-चढ़कर रक्तदान किया। जवानों का उत्साह देखते ही बन रहा था, जिन्होंने संदेश दिया कि पुलिस न केवल बाहरी सुरक्षा करती है, बल्कि जीवन बचाने में भी पीछे नहीं रहती।
पूरे कार्यक्रम के दौरान पुलिस लाइन परिसर देशभक्ति के तरानों और जवानों के जयघोष से गुंजायमान रहा। इस अवसर पर जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, सेवानिवृत्त अधिकारी और पुलिसकर्मियों के परिजन भी मौजूद रहे। पुलिस स्थापना दिवस के अवसर पर पुलिस लाइन में भव्यता और गौरव का संगम देखने को मिला। शानदार परेड, वीरांगनाओं का सम्मान और समाज सेवा के लिए रक्तदान शिविर के साथ अलवर पुलिस ने अपनी शक्ति और मानवीय संवेदनाओं का परिचय दिया।