अलवर

मालाखेड़ा सीएचसी में डॉक्टरों की कमी, रोजाना 700 से ज्यादा मरीज हो रहे परेशान

मालाखेड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) क्षेत्र के हजारों लोगों की जीवनरेखा है, लेकिन यहां मूलभूत चिकित्सा सुविधाओं की भारी कमी से मरीजों को परेशानी उठानी पड़ रही है।
less than 1 minute read
Sep 01, 2025
Feature image

मालाखेड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) क्षेत्र के हजारों लोगों की जीवनरेखा है, लेकिन यहां मूलभूत चिकित्सा सुविधाओं की भारी कमी से मरीजों को परेशानी उठानी पड़ रही है। लंबे समय से डॉक्टरों की संख्या बढ़ाने की मांग की जा रही है, लेकिन आज भी यह स्वास्थ्य केंद्र केवल 6 डॉक्टरों के सहारे ही चल रहा है।


स्वास्थ्य केंद्र पर रोजाना लगभग 700 ओपीडी मरीज आते हैं। डिलीवरी और आपातकालीन मामलों के साथ ही आसपास के दर्जनों गांवों से लोग इलाज के लिए यहीं पहुंचते हैं। कम डॉक्टरों की वजह से मरीजों को घंटों इंतजार करना पड़ता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर पालिका बनने के बाद भी हालात नहीं बदले।

अस्पताल की बिल्डिंग जर्जर हो चुकी है और सुविधाएं नाममात्र की हैं। कई बार क्षेत्रीय नेताओं और उच्च अधिकारियों को अवगत कराने के बावजूद कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। ग्रामीणों और कस्बे के लोगों ने बताया कि डॉक्टरों की अनुपस्थिति और

अव्यवस्था के कारण मरीजों को निजी अस्पतालों का रुख करना पड़ता है, जिससे गरीब तबके पर आर्थिक बोझ बढ़ जाता है। लोगों की मांग है कि जल्द से जल्द मालाखेड़ा सीएचसी में डॉक्टरों की संख्या बढ़ाई जाए और अस्पताल का जीर्णोद्धार किया जाए, ताकि बढ़ती आबादी और मरीजों की संख्या को देखते हुए बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो सकें।

Updated on:
01 Sept 2025 02:55 pm
Published on:
01 Sept 2025 02:55 pm