अमरावती 

आंध्र प्रदेश: दो मासूम बच्चों और पत्नी संग रेलवे ट्रैक पर कूदा हत्या का आरोपी; बिखर गया पूरा परिवार, थम गईं चार जिंदगियां

Kudumula Harikrishna suicide Singarayakonda: कृषि अधिकारी मर्डर केस के मुख्य आरोपी हरिकृष्णा ने पुलिस के डर से अपनी पत्नी और दो मासूम बच्चों (3 और 4 साल) के साथ ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली। हत्या को 'हार्ट अटैक' दिखाने की साजिश रचने वाले आरोपी के इस आत्मघाती कदम से पूरा परिवार खत्म हो गया।
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Jul 15, 2026
Nellore agriculture officer murder case
दो मासूम बच्चों और पत्नी संग रेलवे ट्रैक पर कूदा हत्या का आरोपी, फोटो सोर्स- एक्स ( @HateDetectors )

Nellore agriculture officer murder case: आंध्र प्रदेश के चर्चित कृषि अधिकारी एन. श्रीहरि हत्याकांड में एक बेहद चौंकाने वाला और दर्दनाक मोड़ सामने आया है। मामले के मुख्य आरोपी कुदुमुला हरिकृष्णा ने अपनी पत्नी और दो मासूम बच्चों के साथ एक मालगाड़ी के सामने कूदकर कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।

रेलवे पुलिस के अनुसार, मृतकों की पहचान कुदुमुला हरिकृष्णा, उसकी पत्नी प्रणीता, उनकी चार साल की बेटी मोहाम्बिका और तीन साल के बेटे कौशिक कृष्णा के रूप में हुई है। यह पूरा परिवार पड़ोसी नेल्लोर जिले के एक गांव का रहने वाला था।

रेलवे स्टेशन पर मची चीख-पुकार

सरकारी रेलवे पुलिस (GRP) के अधिकारियों ने बताया कि यह आत्मघाती कदम मंगलवार दोपहर करीब 1:22 बजे सिंगरायाकोंडा स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 2 के पास उठाया गया। मालगाड़ी के आगे कूदने के कारण चारों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। रेलवे पुलिस ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) के तहत संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला दर्ज कर लिया है और घटना के कारणों की बारीकी से जांच कर रही है।

हार्ट अटैक नहीं, 'साइनाइड' जैसी साजिश!

यह पूरा मामला तब शुरू हुआ जब नेल्लोर जिले के बुचिरेड्डीपालेम मंडल के कृषि अधिकारी एन. श्रीहरि की 15 जून को मौत हो गई थी। शुरुआत में परिवार और रिश्तेदारों ने इसे सामान्य 'हार्ट अटैक' (दिल का दौरा) माना था। लेकिन कहानी में नाटकीय मोड़ तब आया जब श्रीहरि की पत्नी लावण्य ने पति की मौत पर संदेह जताते हुए पुलिस से दोबारा जांच की गुहार लगाई। नेल्लोर की पुलिस अधीक्षक (SP) डॉ. अजीता वेजेंडला ने मामले की गंभीरता को देखते हुए री-इन्वेस्टिगेशन (पुनः जांच) के आदेश दिए। जांच में खुलासा हुआ कि श्रीहरि की स्वाभाविक मौत नहीं हुई थी, बल्कि उनके साले हरिकृष्णा ने पैसों के विवाद में एक सोची-समझी साजिश के तहत उन्हें जानलेवा इंजेक्शन देकर मार डाला था, ताकि यह सामान्य मौत लगे।

लापरवाही पर पूरा पुलिस थाना ही नाप दिया

जांच में लापरवाही बरतने के आरोप में एसपी डॉ. अजीता वेजेंडला ने कड़ा रुख अपनाते हुए बुचिरेड्डीपालेम पुलिस स्टेशन के सर्कल इंस्पेक्टर (CI) और सब-इनस्पेक्टर (SI) को तुरंत सस्पेंड (निलंबित) कर दिया। इतना ही नहीं, निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए एक अभूतपूर्व कदम उठाते हुए उन्होंने थाने में तैनात सभी 23 पुलिसकर्मियों का एक साथ तबादला कर दिया। इस मामले में दो अन्य सह-आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन मुख्य आरोपी हरिकृष्णा लगातार फरार चल रहा था।

मौत से पहले जारी किया था 'सेल्फी वीडियो'

आत्महत्या करने से ठीक दो दिन पहले आरोपी हरिकृष्णा ने एक सेल्फी वीडियो जारी किया था। वीडियो में उसने श्रीहरि की हत्या में अपना हाथ होने से साफ इनकार किया था और दावा किया था कि उसे इस मामले में झूठा फंसाया जा रहा है। वीडियो में उसने अपनी संपत्तियों को परिवार के सदस्यों के बीच बांटने की बात भी की थी, जिससे साफ था कि उसे अपनी मौत या जेल जाने का डर सता रहा था।

Updated on:
15 Jul 2026 05:42 pm
Published on:
15 Jul 2026 05:42 pm