Highlights आधारशिला रखने के लिए हेलीकॉप्टर से गृहमंत्री थापा गुलम यहां पहुंचे। सशस्त्र पुलिस बल भवन के निर्माण मेें 100 करोड़ रुपए की लागत से तैयार होगा।
काठमांडू। बीते कुछ समय से भारत और नेपाल (Nepal)के बीच सीमा विवाद बढ़ता हुआ दिख रहा है। इस कड़ी में नेपाल ने अब अपनी सीमा (Border) पर ज्यादा सैनिकों की तैनाती शुरू कर दी है। इससे पहले उसने अपने नक्शे में भारत के कुछ क्षेत्रों को अपना बताया था।
नेपाल ने भारतीय सीमा के पास दार्चुला में छांगरू के ब्यास-1 में सशस्त्र पुलिस बल के लिए बैरक सहित परिसर बनाने का काम शुरू किया है। शुक्रवार को नेपाल के गृहमंत्री राम बहादुर थापा ने इसकी आधारशिला रखी है। यह इलाका भारत के उत्तराखंड के धारचुला के पास है।
नेपाली मीडिया में आईं खबरों के अनुसार सरकार भारतीय सीमा के पास सुरक्षाबलों की तैनाती को बढ़ा रही है। भारत की ओर से चीन सीमा तक पहुंचने वाली सड़क का उद्घाटन करने के बाद नेपाल ने ब्यास में सेना की तैनाती बढ़ा दी है। इनके लिए बैरक की व्यवस्था भी की जा रही है।
आधारशिला रखने के लिए हेलीकॉप्टर से गृहमंत्री थापा गुलम यहां पहुंचे। गृहमंत्री राम बहादुर थापा के साथ सशस्त्र पुलिस महानिरीक्षक शैलेन्द्र खनाल, गृह सचिव महेश्वर नुपाने आदि शामिल थे। सशस्त्र पुलिस बल भवन के निर्माण मेें 100 करोड़ रुपए की लागत से तैयार होगा।
नेपाल की तैयारी
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार नेपाल दुमलिंग, लेकम, लाली, मल्लिकार्जुन, जौलजीबी की सीमा पर पोस्ट बनाने की तैयारी कर रहा है। कैलाश मानसरोवर की यात्रा में यात्रियों की सुविधा के लिए भारत द्वारा लिपुलेख तक सड़क बनाने के बाद से नेपाल बौखला गया। उसने भारतीय क्षेत्र लिपुलेख, कालापानी और लिंपियाधुरा को अपने नक्शे में दिखाया है। इसके साथ सीमा पर सैन्य गतिविधियां बढ़ा दी हैं।