एशिया

पाकिस्तान: धार्मिक नफरत फैलाने के आरोप में पत्रकार को 5 साल जेल की सजा

पत्रकार को 1997 के आतंकवाद विरोधी अधिनियम की धारा 11-F(I) के तहत दंडनीय अपराध करने का दोषी पाया गया है नसरुल्ला खान चौधरी को कराची गार्डेन इलाके में 11 नवंबर, 2018 को गिरफ्तार किया गया था

2 min read
Jan 01, 2020
jail

कराची। धार्मिक आधार पर लोगों के साथ भेदभाव करने के कई मामले पाकिस्तान ( Pakistan ) से सामने आ चुके हैं और अब ऐसा ही एक मामला फिर से सामने आया है। इस घटना से पाकिस्तान की पोल एक बार फिर से खुल गई।

दरअसल, पाकिस्तान की एक आतंकवाद रोधी अदालत ( anti-terrorism court ) ने राष्ट्र विरोधी साहित्य रखने और धार्मिक नफरत फैलाने से जुड़े मामले में एक पत्रकार को पांच साल जेल की सजा सुनाई है।

डॉन न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक, नसरुल्ला खान चौधरी को अफगान जिहाद और पंजाबी तालिबान के बारे में कुछ पत्रिकाओं व पुस्तिकाओं को रखने के आरोप में कराची गार्डेन इलाके में 11 नवंबर, 2018 को गिरफ्तार किया गया था।

चौधरी ने आरोपों से किया इनकार

इन पत्रिकाओं व पुस्तिका में संप्रदाय के आधार पर फूट डालने के साथ-साथ लोगों को 'जिहाद' के लिए प्रेरित करने की सामग्री मौजूद थी। चौधरी, पत्रकार हैं, जो उर्दू भाषा के दैनिक 'नई बात' से जुड़े हैं।

चौधरी को 1997 के आतंकवाद विरोधी अधिनियम की धारा 11-एफ (आई) के तहत दंडनीय अपराध करने का दोषी पाया गया है। न्यायाधीश ने 21 दिसंबर को दोनों पक्षों से साक्ष्य और अंतिम बहस को रिकॉर्ड करने के बाद मामले पर फैसला सुरक्षित रखा था।

करांची केंद्रीय जेल के अंदर न्यायिक परिसर में मामले पर सुनवाई हुई। चौधरी ने आरोपों से इनकार किया है। इस बीच पाकिस्तान फेडरल यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट व कराची यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट ने चौधरी की सजा पर गंभीर चिंता जताई है।

Read the Latest World News on Patrika.com. पढ़ें सबसे पहले World News in Hindi पत्रिका डॉट कॉम पर. विश्व से जुड़ी Hindi News के अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर Like करें, Follow करें Twitter पर.

Updated on:
01 Jan 2020 01:03 pm
Published on:
01 Jan 2020 08:10 am
Also Read
View All