Tuk Tuk Taxis To Get Electrified: श्रीलंका में पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन के लिए टुक टुक टैक्सी का काफी इस्तेमाल किया जाता है। देशभर में चलने वाली इन टैक्सियों को पेट्रोल से चलाया जाता है। पर अब जल्द ही इनमें एक बड़ा बदलाव होने वाला है।
दुनिया का कोई भी देश हो, पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन काफी अहम होता है। हर देश में पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन के लिए अलग-अलग तरह के व्हीकल्स चलन में होते हैं। बात अगर श्रीलंका (Sri Lanka) की करें, तो यहाँ टुक टुक टैक्सियों (Tuk Tuk Taxis) का चलन है। एक रिपोर्ट के अनुसार श्रीलंका में करीब 10 लाख टुक टुक टैक्सियाँ हैं। पेट्रोल से चलने वाली ये टैक्सियाँ भारत के ऑटो रिक्शा की ही तरह होती हैं। पर अब श्रीलंका की इन टुक टुक टैक्सियों में एक बड़ा चेंज आने वाला है। इस चेंज से श्रीलंका की टुक टुक टैक्सी सर्विस इलेक्ट्रिफाइड हो जाएगी।
इलेक्ट्रिफाइड होगी श्रीलंका की टुक टुक टैक्सी
श्रीलंका की टुक टुक टैक्सियों को जल्द ही बड़े लेवल पर इलेक्ट्रिफाइड करने की तैयारी है। श्रीलंका के टुक टुक टैक्सियों को इलेक्ट्रिफाइड करने के प्रोजेक्ट की शुरुआत सबसे पहले श्रीलंका के वेराहेरा (Werahera) शहर में हुई। इस प्रोजेक्ट के तहत श्रीलंका में पेट्रोल से चलने वाली करीब 5 लाख टुक टुक टैक्सियों को इलेक्ट्रिक टुक टुक टैक्सियों में बदला जाएगा।
UNDP से मिलेगा सहयोग
रिपोर्ट के अनुसार श्रीलंका में अगले 5 साल में 5 लाख टुक टुक टैक्सियों को इलेक्ट्रिफाइड किया जाएगा। इस प्रोजेक्ट में श्रीलंका को यूनाइटेड नेशंस डेवलपमेंट प्रोग्राम (United Nations Development Programme - UNDP) से सहयोग मिलेगा।
श्रीलंका में पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन की होगी कायापलट
श्रीलंका में टुक टुक टैक्सियों के इलेक्ट्रिफाइड होने से देश में पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन की कायापलट होगी। फिलहाल टुक टुक टैक्सियों में यात्रा करने पर यात्रियों को एक करीब 100 रुपये प्रति किलोमीटर चुकाने पड़ते हैं। इलेक्ट्रिफाइड होने के बाद टुक टुक टैक्सियों का किराया भी कम हो जाएगा। सिंगल चार्ज में इलेक्ट्रिक टुक टुक 80-100 किलोमीटर तक चल सकेगी। साथ ही इससे पर्यावरण प्रदूषण में भी कमी आएगी।
कई टैक्सी ड्राइवर्स नहीं हैं खुश
टुक टुक टैक्सियों के इलेक्ट्रिफाइड होने से कई टैक्सी ड्राइवर्स खुश नहीं हैं और इस प्रोजेक्ट को कामयाब नहीं मान रहे। उनका कहना है कि वो अपनी टुक टुक टैक्सियों में आसानी से कहीं भी पेट्रोल भरवा सकते हैं, पर सिंगल चार्ज में 80-100 किलोमीटर की ही रेंज देने वाली इलेक्ट्रिक टुक टुक टैक्सियों को शहर से बाहर या 150 किलोमीटर के सफर पर ले जाने पर बीच में फंसने की रिस्क रहेगी। उनका मानना है कि उन्हें बीच में रूककर 5 घंटे तक इलेक्ट्रिक टुक टुक टैक्सियों की बैट्री को चार्ज करना होगा और उसके बाद आगे बढ़ना होगा। इससे वो अगले दिन घर पहुंचेंगे।
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