बीजेपी सांसद बृजभूषण शरण सिंह की समर्थन में अब अयोध्या के साधु- संत आ गए हैं। अयोध्या के वैदेही भवन में साधु संत इकट्ठा हुए और प्रेस कांफ्रेस करके पाक्सो एक्ट में बदलाव की मांग की है।
अयोध्या के साधु संतो ने अब बीजेपी सांसद और कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के समर्थन में हुंकार भर ली है। सोमवार को साधु संतों ने प्रेस कांफ्रेस करके कहा कि कि पॉक्सो एक्ट का दुरुपयोग किया जा रहा है। इससे इस एक्ट में बदलाव की जाना चाहिए।
सोमवार को अयोध्या के वैदेही भवन में साधु संत सांसद बृजभूषण शरण सिंह की समर्थन में इकट्ठा हुए। इस दौरान संतों ने 5 जून को अयोध्या में होने जनचेतना रैली को लेकर बताया। संतो ने कहा कि पॉक्सो ऐक्ट के अंतर्गत उपधाराओं से ऐक्ट का दुरुपयोग किया जा रहा है। पॉक्सो एक्ट में बदलाव होना चाहिए। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास के उत्तराधिकारी महंत कमल नयन दास ने जन चेतना के लिए बड़े संत समागम किए जाने का ऐलान किया।
पॉस्को एक्ट के बारे में की जाए समीक्षा
संतो ने कहा कि हम सभी पॉस्को का समर्थन करते हैं, हम सब यह चाहते हैं कि धाराए कठिन हों लेकिन हम उसकी कुछ उपधाराओं को सुधारने की और समीक्षा की बात कह रहे हैं। पॉक्सो में कई ऐसे उपबंध हैं, जो यह तय करते हैं कि किस स्तर का अपराध है। किस स्तर किस तरह की यौन उत्पीड़न की स्थितियां हैं। यौन उत्पीड़न को रोकने के लिए शासन को कठोर से कठोर कानून भी बना लेना चाहिए। लेकिन उसको जो अभासीय परिस्थितियां हैं, जो नहीं प्रमाणित होने वाली हैं। आरोप के आधार पर एक व्यक्ति को जेल में बंद कर दिया जाए तो कैसे प्रमाणित होगा।
"जांच के बाद ही उसकी गिरफ्तारी होनी चाहिए"
संतो का कहना है कि सरकार से हम लोग मांग करेंगे कि ऐसी धाराओं पर पुनः विचार करके संशोधन करे। हम लोग इसके खिलाफ नहीं हैं, लेकिन ऐसा किसी द्वारा हमारे ऊपर, आपके ऊपर किसी के ऊपर आरोप लगाकर जीवन नष्ट नहीं होना चाहिए। यह अच्छी बात नहीं है। जांच के बाद ही उसकी गिरफ्तारी होनी चाहिए।