आजमगढ़ जिले के थाना अहरौला क्षेत्र में बुधवार तड़के पुलिस और गो-तस्करों के बीच मुठभेड़ हो गई। इस दौरान एक बदमाश पुलिस की जवाबी फायरिंग में घायल हो गया, जबकि उसका साथी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया। पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में जिले में अपराध नियंत्रण को लेकर […]
आजमगढ़ जिले के थाना अहरौला क्षेत्र में बुधवार तड़के पुलिस और गो-तस्करों के बीच मुठभेड़ हो गई। इस दौरान एक बदमाश पुलिस की जवाबी फायरिंग में घायल हो गया, जबकि उसका साथी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया।
पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में जिले में अपराध नियंत्रण को लेकर विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में अहरौला थाना पुलिस सुबह करीब तीन बजे गश्त और संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी बीच पुलिस को सूचना मिली कि सहराजा मोड़ से निजामपुर की ओर दो व्यक्ति गोवध की नीयत से जा रहे हैं।
सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने ग्राम तरकूलहा के पास घेराबंदी कर मोटरसाइकिल सवार दो संदिग्धों को रोकने का प्रयास किया। खुद को घिरता देख बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस द्वारा आत्मसमर्पण की चेतावनी दिए जाने के बावजूद जब फायरिंग जारी रही तो पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की। इस दौरान एक बदमाश के दाहिने पैर में गोली लग गई और वह घायल होकर गिर पड़ा, जिसे मौके पर ही पकड़ लिया गया।
घायल अभियुक्त की पहचान जाकिर उर्फ शैफ निवासी कुरैशी टोला माहुल, थाना अहरौला के रूप में हुई है। वह अहरौला थाने का घोषित हिस्ट्रीशीटर बताया गया है, जिसके खिलाफ पहले से कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा, चार कारतूस और बिना नंबर की मोटरसाइकिल बरामद की है। प्राथमिक उपचार के बाद उसे सीएचसी फूलपुर से जिला अस्पताल रेफर किया गया।
पूछताछ में घायल बदमाश ने फरार साथी का नाम दिलशाद उर्फ लालू निवासी कस्बा माहुल बताया है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। वहीं घटनास्थल को सुरक्षित कर फील्ड यूनिट द्वारा साक्ष्य संकलन की कार्रवाई की जा रही है।