Balod Tourist Place: जिला प्रशासन यहां प्रचार प्रसार के लिए आयोजन तो करता हैं, लेकिन सिर्फ दिखावे के लिए। हम बात कर रहे हैं गुरुर विकासखंड के ग्राम ओनाकोना स्थित पर्यटन स्थल की।
Balod Tourist Place: छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में जिस पर्यटन स्थल से जिले को पर्यटन के क्षेत्र में प्रदेश व देशभर में पहचान मिली है। वही उपेक्षित है। जिला प्रशासन यहां प्रचार प्रसार के लिए आयोजन तो करता हैं, लेकिन सिर्फ दिखावे के लिए। हम बात कर रहे हैं गुरुर विकासखंड के ग्राम ओनाकोना स्थित पर्यटन स्थल की। यहां महाराष्ट्र के नासिक स्थिति त्र्यंबकेश्वर महादेव ज्योतिर्लिंग की तर्ज पर भगवान शिव का मंदिर बनाया गया है।
यहां तक पहुंचने में कई पर्यटकों की गाडिय़ां पंक्चर हो जाती हैं। पहुंच मार्ग काफी खराब है। इस मार्ग को संवारने, इसके नवनिर्माण या मरम्मत के लिए आज तक जिला प्रशासन ने ध्यान ही नहीं दिया। जबकि जिला प्रशासन ओनाकोना को अपने पर्यटन सूची में शामिल कर गर्व महसूस करता है।
बलासपुर से आए रागिनी साहू, राजेंद्र शांडिल्य, रेणुका गौर ने कहा कि ओनाकोना का नाम काफी सुना था। पहली बार आने का मौका मिला। कल से निकले थे। दोपहर में ओनाकोना पहुंचे। पहुंच मार्ग को देखकर मायूसी हाथ लगी। जब इस जगह आए तो सुकून जरूर मिला। शिकायत यही है कि जिला प्रशासन पहुंच मार्ग जरूर बनाए। सडक़ अच्छी हो जाए तो पर्यटकों को काफी राहत मिलेगी।
रविवार को अवकाश होने के कारण इस जगह सैकड़ों की संख्या में पर्यटक आए हुए थे। एक पर्यटक झालाटोला निवासी रामेश्वर कुरैटी ने कहा कि वह अपने दोस्त के साथ घूमने आए थे। ओनाकोना पहुंचने से पहले मार्ग बहुत ज्यादा खराब है, नुकीली गिट्टियाों से मोटरसाइकिल पंक्चर हो गई। इस मार्ग को बनाना चाहिए।
गंगरेल जलाशय के तराई पर स्थित यह ओनाकोना अपने खूबसूरत प्राकृतिक सौंदर्य के रूप में पहचान बनाई है। खूबसूरती को निहारने के लिए पर्यटक यहां आते हैं। यहां बेहतर सुविधाओं की जरूरत हैं। जैसे यहां उद्यान, पार्किंग आदि की सुविधाएं हो तो अच्छा होता।
कई नाव चालक के पास लाइफ जैकेट नहीं यहां नौकाविहार की भी सुविधाएं हैं, लेकिन यहां कई नाव चलाने वालों के पास लाइफ जैकेट नहीं हैं। रविवार को कई पर्यटक बिना सुरक्षा व लाइफ जैकेट के ही नाव पर बैठे नजर आए। लेकिन इस तरह की लापरवाही कभी भी बड़ी घटना को अंजाम दे सकती हैं।