
बांसवाड़ा. दो दिन पहले बांसवाड़ा में कथित रूप से प्रतापगढ़ से ब्राउन शुगर लाने और पुलिस की धरपकड़ कार्रवाई पर आरोपी की पत्नी ने सवाल उठाया है। इसे साजिश के तहत फंसाने की गतिविधि बताते हुए महिला ने पुलिस प्रशासन से निष्पक्ष जांच की गुहार की है। मदारेश्वर मार्ग निवासी शहनाज पत्नी शराफत खान ने इस संबंध दिए परिवाद में बताया कि उसके पति शराफत पुत्र शब्बीर खान 29 जनवरी शुक्रवार की शाम को घर पर थे। रात करीब आठ बजे सलीम नाम के व्यक्ति का मोबाइल पर फोन आया, जिसमें अर्जेंट काम होना बताकर बुलाने पर बाइक लेकर वे मधुबन कॉलोनी गए। उसके बाद वापसी नहीं हुई। फिर देररात कोतवाली से पुलिसकर्मी घर आए और बेटे-बेटियों की मौजूदगी में घर का सामान उथल-पुथल कर दिया। घर में कुछ नहीं मिला, वहीं क्या तलाशने आए पूछने पर किसी ने संतोषप्रद जवाब नहीं दिया। इसके बाद 30 जनवरी को पति की तलाश की, तो मालूम हुआ कि वे कोतवाली में बंद हैं। उसके बाद से वे अब तक कोतवाली में बंद हैं, वहीं उनकी बाइक भी परिसर में ही पड़ी है। शहनाज ने दावा किया कि शनिवार को पूछने पर पुलिस ने किसी तरह के आपराधिक मामले की जानकारी नहीं दी और अगले दिन पता चला कि शराफत को ब्राउन शुगर लाने के जुर्म में बंद कर दिया गया है। उसने बताया कि न उसके घर से पुलिस को कुछ मिला है और न ही उसके पति ने कोई अपराध किया है। पति टैम्पो चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। शराफत को अल्सर रोगी बताते हुए शहनाज ने जानकारी दी कि उनका इलाज चल रहा है। कुछ साल पहले वे नशा करते थे, लेकिन इलाज के बाद सब छूट गया। अब वे किसी तरह का नशा नहीं करते। उन्हें साजिश के तहत बुलाकर धोखे से फंसाया गया है। कॉल डिटेल्स निकलवाकर हकीकत सामने लाई जा सकती है। गौरतलब है कि पुलिस ने 30 दिसंबर को आरोपी शराफत को 20 ग्राम ब्राउन शुगर के साथ रतलाम रोड पर बाइतालाब मोड के पास से नाकाबंदी कर गिरफ्तार करना बताया था। पुलिस ने यह माल प्रतापगढ़ से लाकर आरोपी के शहर में बेचने की फिराक बताई थी।
यह भी बताए तथ्य
परिवाद में शहनाज ने बताया कि बांसवाड़ा में इस तरह का व्यापार करने वाले कई लोग और गैंग सक्रिय है। बड़े स्तर पर यह काम कर रहे लोग खुद फंसने पर निर्दोषों को झूठे मामलों में उलझा देते हैं और खुद अपनी आपराधिक ताकत और रुपयों के दम पर बच निकल रहे हैं।
वीडियो किया वायरल
इस बीच, पुलिस की एनडीसीएस एक्ट की कार्रवाई को लेकर शहर में एक वीडियो भी वायरल किया गया है। इसमें एक शख्स यह कहते हुए दिखाया गया कि दो पुलिसकर्मियों ने शराफत को फंसाने की पेशकश कर खुद माल लाना बताए। फिर शराफत को मधुबन कॉलोनी से देरशाम को उठाया गया। उसने दावा किया कि इसे लेकर उसे पैसे भी दिए गए और फिर वापस भी ले लिए।
इनका कहना है...
आरोपी की पत्नी ने आकर परिवाद दिया है। मेरी जानकारी में एनडीपीएस एक्ट में कार्रवाई नियमानुसार हुई है। जहां तक वायरल वीडियो का सवाल है, तो वह तो को ई भी कर सकता है। फिर भी परिवाद डीएसपी बांसवाड़ा को भेजा है। इस पर जांच करवा रहे हैं।
- कावेंद्रसिंह सागर, पुलिस अधीक्षक, बांसवाड़ा
FILE PHOTO