Rajasthan Farmer Issue: किसानों द्वारा प्रशासन को तीन बार लिखित में अतिक्रमण हटाने व सड़क निर्माण को लेकर ज्ञापन भी दिया है, परन्तु ना तो प्रशासन द्वारा कोई कार्यवाही अतिक्रमियों पर की जा रही है और ना ही इस मार्ग को सड़क निर्माण की कोई योजना से जोड़ा जा रहा है।
Rajasthan Encroachment: बारां किशनगंज मुख्यालय के वार्ड 15 के गणेशजी खलिहान से होकर गुजरने वाले खैराई मार्ग पर हो रहे अतिक्रमण व आए दिन किसानों द्वारा पानी छोड़ दिए जाने के कारण राह मुश्किल होती जा रही है। इससे दुपहिया वाहन का निकल पाना तो दूर की बात है, पैदल चलना भी मुश्किल होता जा रहा है। ग्रामवासियों ने बताया कि यह मार्ग पुराने समय में लगभग 100 से 150 फीट चौड़ा हुआ करता था लेकिन अब एकदम सिकुड़ गया है।
किसानों द्वारा प्रशासन को तीन बार लिखित में अतिक्रमण हटाने व सड़क निर्माण को लेकर ज्ञापन भी दिया है, परन्तु ना तो प्रशासन द्वारा कोई कार्यवाही अतिक्रमियों पर की जा रही है और ना ही इस मार्ग को सड़क निर्माण की कोई योजना से जोड़ा जा रहा है। इस मार्ग में अतिक्रमियों द्वारा पानी भर दिया जाता है जिसके कारण अन्य खेती कर रहे किसानों को अपनी फसल देखने के लिए 2 या इससे भी अधिक किलोमीटर तक पैदल कीचड़ भरा सफर तय करना पड़ता है।
यह मार्ग किशनगंज कस्बे को पार्वती नदी से भी जोड़ता है। नदी की दिशा में खेती का कार्य कर रहे लोग इस मार्ग से रात्रि के समय होकर गुजरना मुनासिब नहीं समझते हैं। लोगों का कहना है कि मार्ग में पानी भर जाने व मार्ग सिकुड़ जाने के कारण मार्ग में हो रहे 1 से 2 फीट के गड्ढे भी नजर नहीं आते, इससे कई बार दुर्घटना भी हो जाती है।
किसान नारायण सिंह चौधरी ने कहा कि 2 साल तो हो गए, ज्ञापन भी दे दिया पर कोई कार्रवाई नहीं कर रहे। कीचड़ और हो जाता है जिससे निकलना भी मुश्किल रहता है। रामस्वरूप राठी ने कहा कि पहले के समय में दो ट्रैक्टर आमने-सामने आने पर भी एक मोटरसाइकिल निकल जाए इतनी जगह हुआ करती थी, और वर्तमान में पूरे पर कब्जा किया हुआ है। रघुवीर सुमन का कहना है कि अगर रास्ता चौड़ा होता है और सड़क निर्माण या ग्रेवल डलती है तो हमेशा हमेशा की समस्या समाप्त हो जाएगी राज ग्रहों को सुलभ मार्ग भी मिलेगा।
इस विषय में विकास अधिकारी से बात करता हूं, देखते हैं।
राकेश कुमार रावत , उपखंड अधिकारी किशनगंज
इस मामले को में जल्द ही दिखवाता हूं, और समाधान भी करते हैं।
हर्ष कुमार महावार, विकास अधिकारी
मैं इस विषय पर कई बार ग्राम पंचायत में भी बात चुका हूं। नरेगा चलाने की बात की जाती है परंतु प्रतिक्रिया नहीं की जाती। यह मेरे वार्ड का ही विषय है और मैं फिर से इस विषय में प्रशासक से बात करूंगा।
रामनिवास सुमन, वार्ड पंच