लखनऊ, शाहजहांपुर, बरेली से बदायूं होकर आगरा जाने वालों को योगी सरकार ने बड़ी सौगात दी है। बरेली और दातागंज के बीच रामगंगा नदी पर पर दातागंज में प्रस्तावित सेतु परियोजना के लिये 140 करोड़ रुपये के बजट की स्वीकृति दी गई है।
बरेली। लखनऊ, शाहजहांपुर, बरेली से बदायूं होकर आगरा जाने वालों को योगी सरकार ने बड़ी सौगात दी है। बरेली और दातागंज के बीच रामगंगा नदी पर पर दातागंज में प्रस्तावित सेतु परियोजना के लिये 140 करोड़ रुपये के बजट की स्वीकृति दी गई है। लंबे समय से अटकी इस परियोजना पर अब वित्तीय समिति की मंजूरी मिल चुकी है। शासनादेश जारी होते ही बजट आवंटन होगा और निर्माण प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाया जाएगा।
पुल की मजबूती और भविष्य में बाढ़ के खतरे को ध्यान में रखते हुए आईआईटी रुड़की के विशेषज्ञ इंजीनियरों से विस्तृत तकनीकी अध्ययन कराया गया था। उनकी रिपोर्ट में पुल की लंबाई बढ़ाने की सिफारिश की गई थी, जिसके आधार पर अब दातागंज सेतु की कुल लंबाई 850 मीटर तय की गई है। इससे पुल के साथ-साथ पहुंच मार्ग भी सुरक्षित रहेगा और आवागमन में किसी तरह की बाधा नहीं आएगी।
रामगंगा नदी पर 700 मीटर लंबा पुल पहले ही 42 करोड़ रुपये की लागत से बन चुका है और अप्रैल 2023 में उस पर आवागमन शुरू कर दिया गया था। हालांकि चार महीने बाद आई बाढ़ में पहुंच मार्ग क्षतिग्रस्त हो गया था, जिसके कारण पुल को बंद करना पड़ा। इस स्थिति के बाद शासन स्तर पर पूरे प्रकरण की गहन समीक्षा की गई और तकनीकी समाधान के साथ नए सिरे से परियोजना को आगे बढ़ाने का फैसला लिया गया।
लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता केके सिंह ने बताया कि सेतु के पुनर्निर्माण और विस्तार को लेकर तैयार किए गए एस्टीमेट पर वित्तीय समिति ने चरणबद्ध तरीके से परीक्षण किया और विभागीय अधिकारियों से आपत्तियों का निस्तारण कराया। सभी बिंदुओं पर संतोषजनक स्पष्टीकरण के बाद अब परियोजना को अंतिम मंजूरी मिल गई है। पुल के पूरा होने से बदायूं, बरेली और लखनऊ के बीच आवागमन पहले से अधिक सुगम और तेज होगा। यात्रियों का समय बचेगा और क्षेत्रीय आवागमन को मजबूती मिलेगी। नई तकनीक के प्रयोग से सेतु का निर्माण तेजी से किए जाने की योजना है और इसके लिए जल्द ही टेंडर प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी की जा रही है।