बरेली बार एसोसिएशन चुनाव में सोमवार को शाम ढलते-ढलते अध्यक्ष और सचिव पद के दिग्गजों की किस्मत मतपेटियों में कैद हो गई। अब निगाहें 6 जनवरी की शाम पर टिकी हैं, जब मतगणना के बाद यह साफ होगा कि बार का ताज किसके सिर सजेगा।
बरेली। बरेली बार एसोसिएशन चुनाव में सोमवार को शाम ढलते-ढलते अध्यक्ष और सचिव पद के दिग्गजों की किस्मत मतपेटियों में कैद हो गई। अब निगाहें 6 जनवरी की शाम पर टिकी हैं, जब मतगणना के बाद यह साफ होगा कि बार का ताज किसके सिर सजेगा। चुनावी गणित में अध्यक्ष पद पर मनोज कुमार हरित और ज्वाला प्रसाद गंगवार, अनिल कुमार द्विवेदी और रविंद्र सिंह चौहान का पलड़ा भारी माना जा रहा है, जबकि सचिव पद पर सीधी टक्कर है।
बार एसोसिएशन के द्विवर्षीय चुनाव के लिए सुबह 10 बजे से शाम साढ़े चार बजे तक मतदान हुआ। कुल 2736 मतदाताओं में से 2428 अधिवक्ताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। मतदान केंद्रों पर सुबह से ही लंबी कतारें नजर आईं और पूरे दिन बार परिसर में राजनीतिक माहौल गर्म रहा।
इस चुनाव में अध्यक्ष, सचिव समेत 11 पदों के लिए कुल 80 प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। मतदान के साथ ही मौजूदा अध्यक्ष मनोज कुमार हरित और सचिव दीपक पांडेय सहित सभी दावेदारों का भविष्य मतपेटियों में बंद हो गया। मंगलवार को मतगणना के बाद नतीजों पर अंतिम मुहर लगेगी।
मतदान के दौरान मतदान स्थल के बाहर प्रचार को लेकर चुनाव मंडल पदाधिकारियों ने कड़ी आपत्ति जताई और प्रत्याशियों को तत्काल रोकने के निर्देश दिए। दोपहर बाद फर्जी वोटिंग के आरोप भी लगे, जिस पर वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने चुनाव मंडल से शिकायत की। वरिष्ठ अधिवक्ता मुहम्मद खालिद जीलानी ने कहा कि फर्जीवाड़े के आरोप बेहद गंभीर हैं। उनके मुताबिक 35 साल की वकालत में टेंडर वोटिंग की नौबत पहली बार आई, जो चिंताजनक है।
अध्यक्ष पद के लिए इस बार छह दावेदार मैदान में हैं। इनमें मौजूदा अध्यक्ष मनोज कुमार हरित, पूर्व अध्यक्ष अनिल द्विवेदी, ज्वाला प्रसाद गंगवार, अजय कुमार, अमित बिसारिया और रविंद्र कुमार सिंह चौहान शामिल हैं। वहीं सचिव पद पर मौजूदा सचिव दीपक पांडेय को गौरव सिंह राठौर से सीधी चुनौती मिल रही है। इसके अलावा शंकर कुमार सक्सेना और वीरेंद्र पाल गुप्ता भी मुकाबले को त्रिकोणीय बनाने की कोशिश में हैं।