देवरनियां थाना क्षेत्र में शुक्रवार को संरक्षित पशु के अवशेष मिलने से हड़कंप मच गया। रिछा-जहानाबाद मार्ग पर ग्राम गरगईया के पास सिंघिया नदी पुल के निकट चार से पांच बोरों में बंद अवशेष पड़े मिले।
बरेली। देवरनियां थाना क्षेत्र में शुक्रवार को संरक्षित पशु के अवशेष मिलने से हड़कंप मच गया। रिछा-जहानाबाद मार्ग पर ग्राम गरगईया के पास सिंघिया नदी पुल के निकट चार से पांच बोरों में बंद अवशेष पड़े मिले। सूचना मिलते ही पुलिस और गोरक्षा संगठनों के कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए। एक सप्ताह के भीतर यह दूसरी घटना होने से क्षेत्र में आक्रोश फैल गया है।
स्थानीय लोगों ने सुबह सड़क किनारे बोरों में संदिग्ध सामग्री देखी और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने बोरों की जांच की तो उनमें संरक्षित पशु के अवशेष मिले। हालात को देखते हुए तत्काल अधिकारियों को सूचना दी गई। सीओ बहेड़ी अरुण कुमार और कोतवाली प्रभारी उप निरीक्षक आशुतोष द्विवेदी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने अवशेषों का नमूना सुरक्षित किया और बाद में बोरों को जमीन में दफना दिया। क्षेत्र में तनाव की आशंका को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया।
घटना की जानकारी मिलते ही गौरक्षा हिंदू दल, सनातन गौरक्षा दल और राष्ट्रीय बजरंग दल के पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए। उन्होंने जोरदार हंगामा करते हुए पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाया। पदाधिकारियों ने कहा कि एक सप्ताह के भीतर दो बार गौकशी की घटनाएं होना चौकी रिछा पुलिस की विफलता दर्शाता है। सोनू मोदी, जिला धर्म प्रसार प्रमुख बजरंग दल बहेड़ी ने चेतावनी दी कि यदि जल्द खुलासा और सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो जिला स्तर पर आंदोलन किया जाएगा।
गौरतलब है कि एक सप्ताह पूर्व रिछा स्थित राजकीय इंटर कॉलेज के पास भी गौकशी के अवशेष बरामद हुए थे। उस मामले में भी पुलिस ने कार्रवाई का आश्वासन दिया था। अब दोबारा घटना सामने आने से कानून-व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। कोतवाली प्रभारी आशुतोष द्विवेदी ने बताया कि चार-पांच बोरों में पशु अवशेष मिले हैं। नमूने जांच के लिए भेजे जा रहे हैं। संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी गई है। जल्द ही पूरे प्रकरण का खुलासा किया जाएगा।