बरेली

टैंकर से टकराई कार, दुल्हन समेत तीन महिलाओं की मौत, विदा कराकर लौट रहे थे घर, दूल्हे की हालत नाजुक

पांच दिन पहले जिस घर में शहनाइयां गूंजी थीं, वहीं गुरुवार को चीखों और मातम का सन्नाटा पसरा मिला। खुटार क्षेत्र में नवविवाहिता को मायके से विदा कराकर लौट रही कार हाईवे पर डीजल टैंकर से टकरा गई।

2 min read
Apr 30, 2026

शाहजहांपुर। पांच दिन पहले जिस घर में शहनाइयां गूंजी थीं, वहीं गुरुवार को चीखों और मातम का सन्नाटा पसरा मिला। खुटार क्षेत्र में नवविवाहिता को मायके से विदा कराकर लौट रही कार हाईवे पर डीजल टैंकर से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि नई दुल्हन कल्पना समेत तीन महिलाओं की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पति गंभीर हालत में जिंदगी से जूझ रहा है। इस हादसे ने शादी की खुशियों को पल भर में शोक में बदल दिया।

पुवायां थाना क्षेत्र के अगौना खुर्द निवासी रामनाथ वर्मा के बेटे अनिल की शादी 25 अप्रैल को खुटार के पिपरिया भागवंत गांव की 22 वर्षीय कल्पना से हुई थी। शादी के बाद परंपरा के अनुसार कल्पना चौथी पर मायके आई थी। गुरुवार दोपहर करीब दो बजे अनिल अपने रिश्तेदारों के साथ उसे विदा कराकर कार से वापस घर लौट रहा था। किसी को अंदाजा नहीं था कि यह सफर आखिरी साबित होगा। कार को मोहम्मदी के उधनापुर निवासी निर्देश चला रहे थे। जैसे ही गाड़ी खुटार के रौतापुरकलां मोड़ के पास पहुंची, सामने से आ रहे डीजल टैंकर से जोरदार भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी खतरनाक थी कि कार के परखच्चे उड़ गए और अंदर बैठे लोग बुरी तरह फंस गए। हाईवे पर अफरा-तफरी मच गई।

तीन महिलाओं की मौके पर मौत, पति की हालत नाजुक

सूचना मिलते ही पुलिस और एंबुलेंस मौके पर पहुंची। सभी घायलों को सीएचसी ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने 30 वर्षीय रीना देवी, 22 वर्षीय नवविवाहिता कल्पना और 25 वर्षीय शेसवी को मृत घोषित कर दिया। गंभीर रूप से घायल निर्देश को मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है, जबकि पति अनिल की हालत भी चिंताजनक बनी हुई है। हादसों का सिलसिला यहीं नहीं रुका। इसी दिन सुबह पुवायां क्षेत्र के भूड़ा मैनारी ओवरब्रिज के पास बोलेरो और बाइक की टक्कर में एक पूरा परिवार खत्म हो गया। निगोही निवासी अरुण कुमार उर्फ कन्हैया (40), उनकी पत्नी सीमा देवी (35), बेटी दीक्षा (8) और बेटे नैतिक (6) की मौके पर ही मौत हो गई। कुछ ही घंटों के अंतराल में आठ लोगों की मौत ने इलाके को झकझोर दिया।

खूनी हाईवे पर उठे सवाल, कब जागेगा सिस्टम

लगातार हो रहे हादसों ने शाहजहांपुर-पलिया हाईवे को ‘मौत का रास्ता’ बना दिया है। स्थानीय लोग लंबे समय से सुरक्षा इंतजाम, स्पीड कंट्रोल और निगरानी की मांग कर रहे हैं, लेकिन हालात जस के तस हैं। गुरुवार के दो बड़े हादसों के बाद लोगों में आक्रोश है और प्रशासन से ठोस कार्रवाई की मांग तेज हो गई है। पुलिस का कहना है कि दोनों हादसों में शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और दुर्घटना के कारणों की गहन जांच की जा रही है।

Also Read
View All