बाड़मेर

एक शहर जहां हिंदुओं के उत्सव पर फूल बरसाते हैं मुसलमान

- गंगा-जमूना तहजीब को जीती है पाक सीमा से लगती थार नगरी

less than 1 minute read
,बाड़मेर में महेश नवमी पर फूल बरसाते मु​स्लिम समाज के लोग।



बाड़मेर. देश को कहीं हिंदू और मुस्लिम समाज के बीच भाई्रचारा, गंगा-जमूना तहजीब देखनी हो तो राजस्थान के बाड़मेर का उदाहरण है। यहां हिंदुओं के हर त्योहार पर मुस्लिम समाज पुष्पा वर्षा कर स्वागत करता है तो मुसलमानों को ईद की मुबारक देने हिंदुओं का हुजूम उमड़ता है। थारनगरी के नाम से बाड़मेर पाकिस्तान की सीमा से लगता जिला है और बाड़मेर जिला मुख्यालय है, जहां आपसी प्रेम, भाईचारा अपने आप में बेमिसाल है।


महेश जयंती शोभायात्रा का पुष्पवर्षा के साथ स्वागत
बाड़मेर. महेश जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित शोभायात्रा का मुस्लिम समाज, बाड़मेर ने स्थानीय अहिंसा सर्किल रेलवे स्टेशन रोड पर स्वागत कर पुष्प वर्षा की। कार्यक्रम का आयोजन मोमीन ब्रदर्स मंच की ओर से किया गया।
मोमीन ब्रदर्स मंच के संयोजक अबरार मोहम्मद, मुस्लिम इंतजामिया कमेटी के नायब सचिव मोहम्मद हारून कोटवाल, हज सेवक बच्चू खान कुम्हार, मोहम्मद रफीक, शौकत शेख, शाहिद कुरेशी, अवेश कुरेशी, मोहम्मद तारिक, शकूर खान, आरिफ मोहम्मद, यासिर मोहम्मद आदि ने शोभायात्रा में शामिल समाज के अध्यक्ष ओम प्रकाश मूंदड़ा सहित प्रबुद्धजनों का माल्यार्पण कर स्वागत किया।


कौमी एकता कमेटी- शहर में आपसी भाईचारे व सौहार्द को बनाए रखने के लिए सालों से यहांकौमी एकता कमेटी का गठन किया हुआ है। इस कमेटी में हिंदु और मुस्लिम समाज के मौजीज लोग शामिल हैं। जो हिंदु और मुस्लिम समाज के त्योहारों व पर्व पर ऐसे आयोजन को लेकर कार्यक्रम करवाती है। वहीं, अन्य आयोजन भी करवाती हैं। इसके चलते दोनों समाज प्रेम व भाईचारे से एक दूसरे के त्योहार मनाते हैं।

Published on:
10 Jun 2022 12:15 am
Also Read
View All