- कलावा, थोब में औद्योगिक क्षेत्र हो रहा विकसित
पचपदरा. राज्य सरकार ने पचपदरा में निर्माणाधीन एचपीसीएल रिफाइनरी को जल्द शुरू करने को लेकर कवायद तेज कर दी है। रिफाइनरी चालू होने के बाद क्षेत्र में आसपास उद्यम व रोजगार की संभावना भी बढ़ेगी। बिजनेस प्रमोशन को लेकर रीको, एचपीसीएल व प्रशासन के संयुक्त तत्वावधान में रविवार को रिफाइनरी में बालोतरा व जोधपुर के उद्यमियों को पचपदरा रिफाइनरी व आसपास विकसित होने वाले संभावित औद्योगिक क्षेत्रों का भ्रमण करवाया गया। इसमें जोधपुर व बालोतरा के प्रमुख औद्योगिक संगठनों के प्रतिनिधि, जिला प्रशासन, रीको, जोधपुर जेडीए के अधिकारियों-कर्मचारियों समेत कई लोग मौजूद रहे।
उद्यमियों को रिफाइनरी में अब तक हुए कार्यों व इससे निकलने वाले उत्पादों को लेकर जानकारी दी, साथ ही साथ रिको की ओर से उद्यमियों को रिफाइनरी के आस-पास निवेश के लिए प्रोत्साहित किया गया।
इसके बाद उद्यमियों के प्रतिनिधिमंडल ने रिफाइनरी व कलावा-बोरावास में रिको की ओर से विकसित किए जा रहे औद्योगिक क्षेत्र का भ्रमण किया। दरअसल, रिफाइनरी के साथ-साथ सह उद्योगों को विकसित करने के लिए स्थानीय उद्यमियों को सरकार की ओर से प्रोत्साहित किया जा रहा है, ताकि अधिकाधिक स्थानीय लोगों को रोजगार मिल सकें।
रविवार दोपहर करीब १२ बजे जोधपुर विकास प्राधिकरण आयुक्त कमल चौधरी, राजसिको पूर्व अध्यक्ष सुनिल परिहार के नेतृत्व में जोधपुर के उद्यमियों का प्रतिनिधिमंडल रिफाइनरी पहुंचा। यहां पर करीब दो घंटे तक उद्यमियों को प्रोजेक्टर के माध्यम से रिफाइनरी में अब तक हुए व प्रगतिरत कार्यों को लेकर जानकारी दी गई।
इसके अलावा रिफाइनरी से उत्पादित होने वाले उत्पादों व सह उद्योगों के लिए आवश्यक उत्पादों को लेकर चर्चा की गई। रिको की ओर से कलावा-बोरावास व थोब में विकसित किए जा रहे औद्योगिक क्षेत्रों को लेकर जानकारी दी गई।
ये रहे थे मौजूद
रिफाइनरी में आयोजित हुए इस कार्यक्रम में बाड़मेर जिला कलक्टर विश्राम मीणा, राजस्थान एचपीसीएल रिफाइनरी सीजीएम किरण कुमार, मरूधरा इंडस्ट्रीयल एसोसिएशन जोधपुर अध्यक्ष नरेश बोथरा, जोधपुर इंडस्ट्रीयल एसोसिएशन अध्यक्ष एनके जैन, पाली सीइटीपी सचिव अरूण जैन, लघु उद्योग भारती प्रांत अध्यक्ष शांतिलाल बालड़, बालोतरा उपखंड अधिकारी नरेश सोनी, तहसीलदार सुरेन्द्र कुमार समेत कई जने मौजूद थे।
जोधपुर विकास प्राधिकरण आयुक्त कमल चौधरी ने कहा कि सरकार की स्थानीय उद्यमियों को प्रोत्साहित कर बड़े उद्योगों को यहां पर विकसित करने की मंशा है। यहां पर बड़े उद्योगों की अपार संभावनाएं है। भारतमाला परियोजना का ग्रीन कॉरिडोर रिफाइनरी के लिए वरदात साबित होगी। यह ग्रीन कॉरिडोर तीन रिफाइनरी को आपस में जोड़ेगा, जिससे इस रिफाइनरी व क्षेत्र का महत्व अधिक बढ़ जाएगा। रिको के जनरल मैनेजर कुलवीरसिंह ने रिको की ओर से उद्योगों को बढ़ावा देने के किए जा रहे विभिन्न कार्र्यों की जानकारी दी।