बाड़मेर

विदेशी नम्बर से फोन कर जोधपुर से बुलाया बाड़मेर, डालर एक्सचेंज का झांसा देकर 24.50 लाख रुपए लूटे

रिपोर्ट में बताया कि गत 01 मार्च को किसी अज्ञात विदेशी नम्बर से फोन आया और बताया कि उनके पास डालर है जिन्हें रुपए में बदलवाना है। इसकी कीमत 24 लाख 50 हजार रुपए है। इस पर वह 2 मार्च को रुपए लेकर उत्तरलाई पहुंचा। यहां एक कार में बैठे तीन युवक एक साइड में चलने की कहते हुए बान्दरा गांव जाने वाली सड़क पर ले गए। वहां सुनसान जगह पर उससे रुपए छीन लिए।

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तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर 16 लाख रुपए बरामद किए
तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर 16 लाख रुपए बरामद किए

बाड़मेर के नजदीक उत्तरलाई के पास करीब बीस दिन पहले विदेशी मुद्रा बदलवाने के बहाने डालर एक्सचेंज सर्विस देने वाले व्यक्ति को जोधपुर से बुलाकर उससे 24 लाख 50 हजार रुपए की लूट के मामले का गुरुवार को ग्रामीण पुलिस ने खुलासा किया है। लूट के बाद आरोपियों ने नकदी के तीन हिस्से कर लिए थे। इनमें से पुलिस ने 16 लाख रुपए बरामद किए है।

एसपी नरेंद्रसिंह मीना के अनुसार सुरेश बारासा पुत्र सोनाराम वाल्मीकी निवासी जसवन्त सराय जोधपुर ने रिपोर्ट में बताया कि गत 01 मार्च को किसी अज्ञात विदेशी नम्बर से फोन आया और बताया कि उनके पास डालर है जिन्हें रुपए में बदलवाना है। इसकी कीमत 24 लाख 50 हजार रुपए है। इस पर वह 2 मार्च को रुपए लेकर उत्तरलाई पहुंचा। यहां एक कार में बैठे तीन युवक एक साइड में चलने की कहते हुए बान्दरा गांव जाने वाली सड़क पर ले गए। वहां सुनसान जगह पर उससे रुपए छीन लिए। बदले में उसने डालर मांगे तो उसे जान से मारने की धमकियां दी।

पुलिस ने गठित की टीम

मामला दर्ज होने के बाद ग्रामीण थानाधिकारी दिनेश लखावत के नेतृत्व में थाना स्तर पर टीम का गठन कर जांच शुरू की गई। पुलिस ने तकनीकी सहायता से विदेशी नम्बर जेनरेट होने की जानकारी हासिल की। इसके बाद विभिन्न कडि़यों को जोड़ते हुए खेताराम पुत्र भारूराम निवासी बलाउ, हरदेव पुत्र सुखाराम निवासी नांद व ओमाराम पुत्र रामाराम निवासी बलाउ को दस्तयाब कर पूछताछ की। उन्होंने अपने अन्य साथी उगराराम पुत्र हनुमानराम निवासी राजबेरा उण्डु के साथ मिलकर वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया। पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर 16 लाख रुपए बरामद किए। वहीं उगराराम की तलाश जारी है।

यों दिया वारदात को अंजाम

आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि खेताराम व उगराराम दोनों अफ्रीका में काम करते हैं। वहां उन्हें डालर के रूप में मजदूरी मिलती है। ऐसे में खेताराम ने पहले भी सुरेश बारासा से मनी एक्सचेंज करवाई थी। इस पर उन्होंने षडयंत्र रचते हुए ओमाराम का सिमकार्ड लेकर विदेशी नम्बर क्रिएट कर सुरेश बारासा से सम्पर्क किया तथा उसे बाड़मेर बुला लिया। यहां उन्होंने उसे सुनसान जगह पर ले जाकर रुपए लूट लिए। इसके बाद खेताराम, हरदेव व उगराराम ने 8-8 लाख रुपए आपस में बांट लिए।

Published on:
21 Mar 2024 10:42 pm