नाथावाला में जल संकट से हाहाकार, पंचायत को ताला लगाने की चेतावनी
राजस्थान की तपती धूप और 45 डिग्री पार पारा, ऊपर से जयपुर ग्रामीण के शाहपुरा के नाथावाला ग्राम के कई मोहल्लों में पिछले 15 दिन से पानी की एक बूंद तक नसीब नहीं! आखिरकार ग्रामीणों का गुस्सा मंगलवार को फूट पड़ा, जब महिलाएं और पुरुष भारी संख्या में शाहपुरा उपखंड कार्यालय पहुंच गए और जमकर प्रदर्शन किया। गांव की नेहरू कॉलोनी, इंदिरा कॉलोनी और बुनकर मोहल्ला जैसे इलाकों में ट्यूबवेल खराब पड़ा है, जोकि इन बस्तियों का एकमात्र जलस्रोत है। पेयजल संकट इतना गहरा है कि ग्रामीणों को पीने का पानी लाने के लिए दो किलोमीटर दूर साइवाड मोड़ तक जाना पड़ रहा है। हर दिन सुबह से लेकर शाम तक पानी के लिए भटकते हैं, और फिर भी बच्चे प्यासे सोते हैं," ये कहना है ग्रामवासी रेशमी देवी का, जो पिछले दो हफ्तों से इस परेशानी का सामना कर रही हैं।
प्रशासन बना 'मूकदर्शक'
ग्रामीणों ने बताया कि वे इस समस्या को लेकर सरपंच, ग्राम विकास अधिकारी और अन्य जनप्रतिनिधियों से कई बार गुहार लगा चुके हैं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही। विरोध कर रही उर्मिला, बरजी देवी, माया देवी आदि ने बताया कि जब विकास अधिकारी से मिले तो उन्होंने यह कहकर पल्ला झाड़ लिया कि नाथावाला अब नगरपरिषद में आता है, पंचायत कुछ नहीं कर सकती।
SDM नहीं मिले, ज्ञापन सौंपा
SDM के जयपुर में मीटिंग पर होने के कारण प्रदर्शनकारियों ने कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष नाथूलाल सैनी की मौजूदगी में कार्यालय कार्मिक को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में साफ कहा कि दो दिन में बोरिंग दुरुस्त किया जाए, अन्यथा ग्रामीण पंचायत कार्यालय पर ताला लगाकर धरना देंगे।
अब क्या करेगा प्रशासन?
सवाल बड़ा है… क्या भीषण गर्मी में प्यास से जूझ रहे नाथावाला के लोग प्रशासनिक लापरवाही का शिकार बने रहेंगे? या फिर अब जनता की आवाज पर कोई ठोस कार्रवाई होगी?