जेवरा एन में हुई ग्रामसभा में ईंटभट्ठे के खिलाफ प्रस्ताव, हाफ और शिवनाथ नदी को बचाने के लिए ग्रामीणों ने छेड़ी मुहिम
बेमेतरा/नवागढ़ . नवागढ़ ब्लॉक में शिवनाथ की तट पर नांदघाट को छलनी करने के बाद ईंट बनाने वाले माफिया की नजर हाफ नदी के तट पर है। हर शिविर व लोक सुराज में शिकायत के बाद स्थिति यह है कि खनिज विभाग मौके में कार्रवाई करना छोड़कर कागजों में औपचारिकता पूरी कर रही है और खननकर्ता को पंचायत से सहमति लेने की सलाह दे रही है। जिससे दोनों का लाभ बना रहे। लेकिन अब ग्राम पंचायत जेवरा (एन) के ग्रामीणों ने जागरुकता दिखाते हुए अवैध ईंट भट्ठों के खिलाफ मुहिम शुरू कर दी है। बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे ग्रामीणों ने ऐसा कदम उठाया कि अब दूसरे गांव वाले भी प्रेरणा ले रहे हैं।
पर्यावरण को बचाना पहली प्राथमिकता
गुरुवार को गांव में हुई ग्रामसभा में में जो कुछ हुआ वह अन्य पंचायतों के लिए अनुकरणीय है। बाहर से आए लोग ग्रामसभा में ईंट भट्ठा संचालन के लिए प्रस्ताव पारित कराना चाह रहे थे। इसके लिए कुछ पंचों को विरोध न करने के लिए कहा गया था। गांव के लोग स्थिति को समझ गए और यह प्रस्ताव पारित किया कि पर्यावरण को प्रदूषित होने से बचाने और शिवनाथ व हाफ नदी के तट को छलनी होने से बचाना पहली प्राथमिकता होगी। वहीं क्षमता से अधिक भारी वाहन चलने से रोड खराब हो रही है, जिस पर रोक लगाना भी जरूरी है।
किसी हाल में नहीं देंगे ईंटभट्ठों को अनुमति
ईंट भट्ठों के संचालन से तापमान बढ़ जाने की वजह से खेतों की उर्वराशक्ति प्रभावित होगी और किसान सही ढंग से उपज नहीं ले पाएंगे। इसलिए हम किसी भी हाल में ईंट निर्माण के लिए अनुमति नहीं देंगे। इसके बाद ग्राम पंचायत में ईंटभट्ठों को अनुमति नहीं देने का प्रस्ताव पारित किया गया। साथ ही कहा गया कि बिना पंचायत की अनुमति के यदि ईंटभट्ठों का संचालन होता है, तो इसके लिए खनिज विभाग जिम्मेदार है। इस संबंध में ग्राम जेवरा (एन) के सरपंच कार्तिकराम साहू ने कहा कि ग्रामसभा में ईंट भट्ठे के लिए एनओसी देने दबाव बनाया गया पर प्रस्ताव यह पारित हुआ कि व्यावसायिक उपयोग के लिए ईंट नहीं बनने देंगे।