बैतूल। जिला जेल में शनिवार सुबह उस समय हडक़ंप मच गया, जब एक विचाराधीन महिला बंदी ने चूडिय़ां पीसकर खा ली और आत्महत्या का प्रयास किया। गंभीर हालत में महिला को तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए भोपाल रेफर कर दिया गया।भैंसदेही थाना के ग्राम […]
बैतूल। जिला जेल में शनिवार सुबह उस समय हडक़ंप मच गया, जब एक विचाराधीन महिला बंदी ने चूडिय़ां पीसकर खा ली और आत्महत्या का प्रयास किया। गंभीर हालत में महिला को तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए भोपाल रेफर कर दिया गया।
भैंसदेही थाना के ग्राम घुघरी निवासी पूनम उइके (21) ने शनिवार सुबह महिला बैरक में चूडिय़ां पीसकर खा ली हैं। कुछ देर बाद जब उसकी तबीयत बिगड़ी और उसे उल्टियां होने लगी, तब अन्य बंदियों को संदेह हुआ और उन्होंने तुरंत जेल प्रहरियों को सूचना दी। जेल स्टाफ ने बिना देर किए महिला को जिला अस्पताल पहुंचाया। जिला अस्पताल के डॉक्टर जगदीश घोरे ने बताया कि महिला को उल्टी की शिकायत थी और खून मिश्रित द्रव्य निकल रहा था। प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर स्थिति देखते हुए उसे भोपाल रेफर कर दिया गया। घटना के समय महिला बैरक में अन्य बंदियों के साथ मौजूद थी। बैरक में उस समय कुल 18 महिला बंदी थीं, लेकिन किसी को भी इस बात की भनक नहीं लगी। पूनम अपने पति राजू की हत्या के आरोप में 18 दिसंबर 2025 से जिला जेल में बंद है।
जेल में सुरक्षा को लेकर उठ रहे सवाल
घटना के बाद जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। आखिर महिला ने चूडिय़ां कैसे पीसी और किसी को इसकी जानकारी क्यों नहीं हुई, इसे लेकर जांच शुरू कर दी गई है। जेलर योगेश शर्मा ने बताया पूरे मामले की जांच कराई जा रही है। यदि किसी भी कर्मचारी की लापरवाही सामने आती है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
आत्मग्लानि की आशंका
जेलर शर्मा ने बताया कि प्रथम दृष्टया महिला द्वारा चूडिय़ां पीसकर खाने की बात सामने आई है। आत्मग्लानि के चलते महिला द्वारा आत्महत्या के प्रयाास की आशंका है। एक सप्ताह पहले ही महिला की बहन उससे मिलने आई थी, जबकि अन्य परिजन उससे मिलने नहीं आ रहे थे। फिलहाल महिला का भोपाल में उपचार जारी है। उन्होंने कहा कि महिला अपने पति की हत्या के आरोप में बंद है।