JLN Marg Of Jaipur : जयपुर की 'लाइफ लाइन' कहे जाने वाले जवाहरलाल नेहरू मार्ग वाली सड़क का हूबहू नजारा जल्द आपको भरतपुर में भी दिखाई देगा। शीशम चौराहा से लेकर हीरादास चौराहा लिंक रोड को नक्शा पूरी तरह से जयपुर के जेएलएन मार्ग की तर्ज पर बनाया गया है। ढ़ाई किलोमीटर की इस लिंक रोड की सीध में एक सूत का भी फर्क नजर नहीं आएगा।
JLN Marg Of Jaipur : जयपुर की 'लाइफ लाइन' कहे जाने वाले जवाहरलाल नेहरू मार्ग वाली सड़क का हूबहू नजारा जल्द आपको भरतपुर में भी दिखाई देगा। शीशम चौराहा से लेकर हीरादास चौराहा लिंक रोड को नक्शा पूरी तरह से जयपुर के जेएलएन मार्ग की तर्ज पर बनाया गया है। ढ़ाई किलोमीटर की इस लिंक रोड की सीध में एक सूत का भी फर्क नजर नहीं आएगा। इतना ही नहीं इस रोड पर एक भी पेड़ काटने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। यह भरतपुर के इतिहास में बड़े महानगरों की तर्ज पर बनने सड़कों की तरह की दिखाई देगी।
इस सड़ को इस तरह बनाया जाएगा कि रास्ते में कंपास लेकर खड़े हो जाएं तो उसकी सुईयां 0 से 180 पर आ जाएंगी। शहर में नगर सुधार न्यास (यूआईटी) की ओर से शीशम चौराहे से हीरादास चौराहा तक लिंक रोड के लिए एनआईटी लगा दी है। शीशम चौराहे से काली की बगीची चौराहा, नीम दरवाजे होते हुए हीरादास चौराहे तक 17 करोड़ की लागत से लिंक रोड बनेगी। अब डिवाइडर से सात मीटर है।
इसके बाद दोनों ओर 5.50 मीटर की सर्विस रोड का निर्माण किेया जाएगा। अब दोनों ओर डिवाइडर से 50-50 फुट की कुल 100 फुट की रोड हो जाएगी। इसमें डिवाइडर पर पौधे लगाए जाएंगे। यह कार्य आचार संहिता के बाद शुरू हो जाएगा। जयपुर के रामनिवास बाग से जवाहर सर्कल तक 8.3 किमी लंबी यह सड़क अपने आप में एक अजूबा है।
शहर गढ़ गणेश से गोविंद देव जी मंदिर, त्रिपोलिया गेट, अल्बर्ट हॉल, त्रिमूर्ति सर्कल, जेडीए चौराहा और गांधी सर्कल से लेकर ओटीएस पुलिया तक 11.9 किमी लंबी इस सड़क की सीध में एक सूत का भी फर्क नहीं मिलेगा। स्मृति वन के पास के आधा डिग्री के अंतर को छोड़ दें तो जवाहर सर्कल तक सड़क एकदम सीधी जाती है। किसी भी शहर में इतनी सीधी सड़क और कहीं नहीं मिलेगी। जवाहर सर्कल से रामनिवास बाग तक इतनी लंबी स्लिप लेन्स वाली जयपुर की यह अकेली सड़क है।