इंदिरा मार्केट की सड़क से बेदखल कपड़ा व्यापारी व निगम प्रशासन फिर आमने-सामने हो गए हैं। निगम कंटेम्प्ट ऑफ कोर्ट की तैयारी कर रहा है।
दुर्ग . इंदिरा मार्केट की सड़क से बेदखल कपड़ा व्यापारी व निगम प्रशासन फिर आमने-सामने हो गए हैं। व्यापारियों की याचिका पर हाईकोर्ट ने मामले में स्टे ऑर्डर जारी किया है। व्यापारी इसे अपने पक्ष में फैसला बता रहे हैं। इससे उत्साहित कुछ दुकानदारों ने मंगलवार को फिर सड़क पर दुकान लगा लिया। हालांकि घंटेभर बाद दुकानें समेट ली गई, लेकिन निगम इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जवाबी कार्रवाई करते हुए कंटेम्प ऑफ कोर्ट का प्रकरण दर्ज कराने की तैयारी कर रहा है।
दुकानदारों की याचिका पर हाईकोर्ट ने स्टे ऑर्डर जारी किया
इंदिरा मार्केट क्षेत्र को व्यवस्थित करने के मकसद से निगम प्रशासन द्वारा स्टेशन रोड के करीब 60 कपड़ा व्यवसायियों और मोती कॉम्पलेक्स रोड के डेढ़ दर्जन जूता चप्पल दुकानदारों को बेदखल किया गया है। निगम प्रशासन ने इन दुकानदारों को समृद्धि बाजार के पास वेंडिंग जोन बनाकर आठ बाई आठ आकार की जमीन देकर व्यवस्थापन की घोषणा की है। इसके लिए जमीन की मार्किंग भी कर दी गई है। इस बीच दुकानदारों की याचिका पर हाईकोर्ट ने स्टे ऑर्डर जारी किया है। इसके बाद मंगलवार को आधा दर्जन व्यापारी फिर पुरानी जगह पर पहुंचे और दुकान लगा लिया।
वकील की मौजूदगी में लगाई दुकान
मंगलवार को दोपहर करीब 12 बजे व्यापारी अपने वकील उषा मेनन के साथ बेदखली वाले जगह पर इकट्ठा हुए। इसके बाद आधा दर्जन व्यापारी ठेले में कपड़े और जूते चप्पल लेकर पहुंचे और दुकान लगा लिया। दुकानदार करीब घंटे भर सड़क पर बैठे और कारोबार भी किया।
निगम ने कराई फोटो व वीडियोग्राफी
व्यापारियों के फिर से दुकान लगाने की सूचना पर निगम के राजस्व अधिकारी आरएस आजमानी भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने व्यापारियों को स्टे का हवाला देकर हटने की समझाइश दी। दुकानदार नहीं माने तो उन्होंने मौके की फोटो व वीडियोग्राफी भी कराई।
पिछले सप्ताह भी लगाई थी दुकान
बेदखल कारोबारियों ने इससे पहले 7 मई को भी इसी तरह दुकान लगा ली थी। तब भी निगम के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर दुकानदारों को हटा दिया था। इस दौरान व्यापारियों ने दोबारा दुकान लगाने की चेतावनी भी दी थी।