
Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ में प्रतिबंधित जर्दायुक्त गुटखा निर्माण मामले में स्टेट जीएसटी विभाग दुर्ग ने बड़ी कार्रवाई की है। विभाग ने गुटखा कारोबारी गुरमुख जुमनानी की 13 अचल संपत्तियों को प्रोविजनल अटैच (अस्थायी रूप से कुर्क) कर दिया है। सरकारी दर पर इन संपत्तियों की कीमत करीब 3 करोड़ 33 लाख रुपए है, जबकि खुले बाजार में इनकी कीमत 5 करोड़ रुपए से अधिक आंकी जा रही है। कुर्की के बाद कारोबारी इन जमीनों और प्लॉट को न तो बेच पाएगा और न ही किसी को हस्तांतरित कर सकेगा।
जीएसटी विभाग को शुरुआती जांच में कारोबारी की 11 संपत्तियों का पता चला था। आगे की जांच में रायपुर के उरला स्थित खसरा नंबर 801 और 802 के दो और भूखंडों की जानकारी मिली, जिन्हें भी इस कार्रवाई में जोड़ दिया गया। इस बीच एक जमीन की रजिस्ट्री खुद निरस्त कराई गई है। संपत्तियों के हस्तांतरण पर रोक के बाद अब कारोबारी के पास कानूनी राहत के लिए कोर्ट जाने का विकल्प है।
विभाग ने टैक्स, पेनाल्टी और ब्याज मिलाकर पहले करीब 500 करोड़ रुपए का नोटिस जारी किया था। समय पर राशि जमा न होने से अब ब्याज सहित कुल रिकवरी की रकम 600 करोड़ रुपए से अधिक हो गई है। तय प्रक्रिया के तहत संपत्तियों की नीलामी कर इस राशि की वसूली की जाएगी।
वर्ष 2022 में सोमनी-रसमड़ा, 2023 में मंदिर हसौद और कोडिया, 2024 में कोनारी, 2025 में दुर्ग के गनियारी व कोमल फूड परिसर में दबिश दी थी। इन परिसरों में सागर, राम और कृष्णा जुमनानी के नाम पर किराए की फैक्ट्री चलाकर जर्दायुक्त गुटखा बनाया जा रहा था। छापेमारी के दौरान भारी मात्रा में गुटखा, सुपारी, पैकेजिंग सामग्री और मशीनें जब्त की गई थीं।