भीलवाड़ा

भीलवाड़ा ने कह डाला चित्तौडगढ के लिए ऐसा… कि करनी पड रही जांच… आखिर क्या हुआ…

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Bhilwara blemd Chittorgarh
Bhilwara blemd Chittorgarh

सुरेश जैन. भीलवाड़ा।

ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता सर्वेक्षण में अव्वल रहने के लिए दिया जा रहा फीडबैक सवालों के घेरे में है। मोबाइल एेप से एक ही व्यक्ति की ओर से बार-बार फीडबैक दिया गया है। नियम है कि एक व्यक्ति मोबाइल से एक ही बार फीडबैक दे सकता है। इससे उलट ग्राम पंचायतों में लोगों ने मोबाइल में डाउनलोड एसएसजी—18 मोबाइल एेप को अपडेट कर बार-बार फीडबैक दिया। भीलवाड़ा के अधिकारियों ने नजदीकी जिले चित्तौडग़ढ़ पर स्वच्छता सर्वेक्षण ग्रामीण में गड़बड़ी करने की शिकायत की है। उधर, संभावना है कि एेसा ही बड़े स्तर पर भीलवाड़ा में भी हुआ है।

देश के साथ ही राजस्थान के 33 जिलों के 500 से अधिक राजस्व ग्राम तथा दो हजार से अधिक सार्वजनिक स्थलों व आमजन से फीडबैक लिया गया। सर्वे के लिए तीन सदस्यों की टीम गत दिनों भीलवाड़ा जिले के 16 गांवों का दौरा करके गई थी।

एेप के ये हैं नियम

केन्द्रीय पेयजल एवं स्वच्छता मंत्रालय की ओर से कराए गए सर्वेक्षण को लेकर कंटार ग्रुप ने एसएसजी—18 एेप बनाया। इसे प्ले स्टोर से डाउनलोड कर कोई भी व्यक्ति फीडबैक दे सकता है। एक बार सिटीजन फीडबैक देने के बाद अन्त में स्क्रीन पर यह लिखा आता है कि 'फीडबैक में भाग लेने और मूल्यवान प्रतिक्रिया देने के लिए आपका धन्यवाद। एक फोन से सिर्फ एक ही प्रतिक्रिया संभव है। आप अपने साथी नागरिकों को भी सर्वे में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करें।एेप से दूसरी बार फीडबैक देने का प्रयास करने पर भी वही मैसेज समाने आता है।

ऐसे हुआ खेल

एेप में एक बार फीडबैक देने के बाद सेटिंग-एेप्स में जाकर एसएसजी १८ को पुन: खोला गया। इसके बाद स्टोरेज में सामने क्लियरचेज क्लियर करने तथा क्लियर डाटा टिलीट कर फिर फीडबैक दे दिया गया। शिकायत है कि एेसा चित्तौडग़ड़ सहित अन्य जिलों में हुआ है।

एक दिन में 40 हजार की छलांग


भीलवाड़ा के अधिकारियों का कहना है कि सिटीजन फीडबैक में भीलवाड़ा जिला राजस्थान में अव्वल व देश में तीसरे स्थान पर था। लेकिन २९ अगस्त की रात राजस्थान में भीलवाड़ा तीसरे तथा चित्तौडग़ढ़ पहले स्थान पर था। भीलवाड़ा का फीडबैक 77 हजार 777 तथा चित्तौडग़ढ़ का 79 हजार 339 था। वह 30 अगस्त की रात भीलवाड़ा 18 हजार से बढ़कर 95 हजार 825 हो गया, जबकि चित्तौडग़ढ़ 40 हजार की छलांग लगा एक लाख 19 हजार 520 पर पहुंच गया। यह आकंडा 31 अगस्त की रात 12 बजे तक बढ़कर एक लाख से अधिक हो गया। अधिकारियों का कहना है कि यह सब एेप से एक ही व्यक्ति बार-बार फीडबैक देने से ऐसा हुआ, जो गलत है।

इनको की शिकायत


भीलवाड़ा के अधिकारियों ने स्वच्छ भारत मिशन के संयुक्त निदेशक (दिल्ली) परमेश्वर अय्यर, पंचायती राज विभाग उप निदेशक पराग चौधरी, कंटार ग्रुप के अधिकारी सप्तऋषी गुहा, जिला कलक्टर, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी सहित अन्य अधिकारियों को शिकायत दर्ज कराई है।

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करवा रहे हैं जांच

भीलवाड़ा से एेप के बारे में शिकायत मिली है। जानकारी कर रहे हैं। चित्तौडग़ढ़ जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी से जानकारी मांगी गई है।

पराग चौधरी, उपनिदेशक, एसबीएम, जयपुर


एक मोबाइल से एक ही फीडबैक

एेप क्लियर कर पुन: फीडबैक देने का मामला सामने आया है। सरवर से एक मोबाइल से एक बार ही फीडबैक स्वीकार किया जा रहा है। इसमें किसी तरह की गड़बड़ी नहीं है। कम्पनी ईएमआइ नम्बर की भी जानकारी जुटा रही है।
सप्तऋषि गुहा, अधिकारी, कंटार ग्रुप

एेप की कोई जानकारी नहीं
एसएसजी—18 एेप से एक बार ही फीडबैक दिया जा सकता है। भीलवाड़ा के अधिकारी आरोप लगा रहे हैं, तो उन्हें ज्यादा ध्यान होगा। मुझे इस एेप के बारे में जानकारी नहीं है कि एक व्यक्ति बार-बार कैसे फीडबैक दे सकता है।

अंकितकुमार सिंह, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिला परिषद, चित्तौडगढ

Updated on:
03 Sept 2018 01:25 am
Published on:
03 Sept 2018 03:00 am