
भीलवाड़ा।
प्रवर्तक सुकनमुनि के सानिध्य में सोमवार को मदनमुनि महाराज का 68 वां दीक्षा जयंती तथा अमरेश मुनि महाराज का तृतीय स्मृति दिवस एकासन व्रत दिवस के रूप मनाया जाएगा। अहिंसा भवन के संरक्षक हेमन्त आंचलिया ने बताया कि इस दौरान शांति भवन से साध्वी मैनाकंवर, अरिहंत भवन से साध्वी किरण, महावीर भवन नाड़ी मोहल्ला से साध्वी रक्षा, रजनी आदि की उपस्थिति में सामूहिक एकासन गुणा अनुवाद होगा।
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तपस्या आत्म शुद्धि कर्म निर्जरा के लिए की जाती है
भीलवाड़ा . वर्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संघ शांति भवन में रविवार को साध्वी मैना कंवर के सानिध्य में 100 श्रावक श्राविकाओं ने एकासन किए। इस अवसर पर मदन मुनि मा.सा. की 76 वीं दीक्षा जयंती मनाई गई। साध्वी मैना कंवर ने कहा कि तप का जीवन में बहुत बड़ा महत्व है। जैन धर्म में तपस्या आत्मशुद्धि कर्म निर्जरा के लिए की जाती है। तपस्या करने के लिए संकल्प बल, मनोबल, धृतिबल, आत्मबल की अपेक्षा होती है। तप ज्योति, साधना, उपासना, औषधि है। यह मोक्ष मंदिर का सोपान है। साध्वी ज्योति प्रभा व पुष्पलता ने कहा कि तपस्या जीवन की ज्योति है। तपस्या से ही मन को शुद्ध व काया को कुंदन बनाया जा सकता है। संघ अध्यक्ष राजेंद्र चीपड़ ने तपस्वी की तप आराधना को जिन शासन की शोभा में अभिवृद्धि बताया। संचालन मंत्री सुरेंद्र सिंह चौधरी ने किया। मीडिया प्रभारी मनीष बंब ने बताया कि एकासन के साथ-साथ श्रावक श्राविकाओं ने पांच सामयिक का लक्ष्य भी पूरा किया।