डेढ़ माह पूर्व हुई परीक्षा, ना परिणाम जारी और ना ही चयन सूची
भीलवाड़ा व शाहपुरा जिले में 99 महात्मा गांधी अंग्रेजी माध्यम स्कूलों में शिक्षकों के अभाव में विद्यार्थियों की पढ़ाई बाधित हो रही है। शिक्षण सत्र 24-25 के महत्वपूर्ण तीन माह बीत जाने के बाद भी विभाग इन स्कूलों में शिक्षक नहीं दे पाया है। हालांकि विभाग ने दो-ढाई माह पूर्व इनके लिए विभाग में कार्यरत योग्य शिक्षकों से इन स्कूलों में आने के लिए ऑनलाइन आवेदन लिए थे। डेढ़ माह पूर्व 25 अगस्त को परीक्षा भी ली, लेकिन परिणाम जारी होने से पहले ही मामला कोर्ट में अटक गया। इस परीक्षा में प्रदेश में 51, 870 शिक्षकों ने प्रदेश की 3,737 स्कूलों में आने की परीक्षा दी थी।
चुनौती के पीछे तर्क
परीक्षा में 100 में से पास होने के लिए 40 अंक चाहिए। 10 अंक जिले में कार्यरत शिक्षक को अतिरिक्त देने के प्रावधान को कोर्ट में चैलेंज किया। कार्यरत जिले से दूसरा जिला चाहने पर कोई अंक नहीं देने तथा कार्यरत जिले के ही महात्मा गांधी स्कूल में नियुक्ति चाहने वाले शिक्षकों को 10 अंक अतिरिक्त देने से व्यथित कुछ शिक्षक कोर्ट चले गए, जिसके कारण अब यह मामला कोर्ट में विचाराधीन है।
पैरवी नहीं होने से लंबित प्रकरण
शिक्षक नेता नीरज शर्मा का कहना है कि सरकार ने इस मामले में कोर्ट में प्रभावी पैरवी नहीं की। पिछली दो पेशियों में विभाग और सरकार से पैरवी करने कोई नहीं पहुंचा। उधर शिक्षा अधिकारियों का कहना है कि विभाग से कार्रवाई करते हुए परीक्षा की आंसर की जारी कर दी। परिणाम जारी करने की सारी तैयारियां भी हो गई थीं, लेकिन इसी बीच कोर्ट में मामला चले जाने से परिणाम और नियुक्तियां नहीं हो सकी।