Rain in Bhilwara: भीलवाड़ा जिले में जोरदार बारिश हुई। बिजौलियां में 182 मिमी, तिलस्वां में एरू नदी उफान पर, मंदिर और घर जलमग्न हो गए। रास्ते 11 घंटे बंद रहे। स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया है।
Rain in Bhilwara: सावन महीने तरसाने और भादो महीना आधा बीतने के बाद अब मानसून ने अंगड़ाई ली है। भीलवाड़ा शहर समेत जिले में सक्रिय हुए मानूसन जमकर बरस रहे हैं। खासतौर से ऊपरमाल क्षेत्र बिजौलियां में पिछले 24 घंटे में मेघों ने मेहरबानी दिखाई।
वहीं, तिलस्वां में मेघ आफत बनकर बरसे। यहां भारी बारिश और ऐरू नदी के उफान पर आने से बाढ़ के हालात बन गए। तिलस्वां जलमग्न हो गया। इससे ग्रामीणों के साथ तिलस्वां महादेव आने वाले श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। जनजीवन खासा प्रभावित हुआ है।
उधर, भीलवाड़ा में सुबह से आसमान में बादलों का डेरा रहा। दिनभर रिमझिम बरसात का दौर चला। रात में तेज बरसात हुई। इससे तापमापी का पारा गिरने से उमस और गर्मी से राहत मिली है। शहर में अधिकतम तापमान 28.3 डिग्री और न्यूनतम 24.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिन-रात के पारे में महज साढ़े तीन डिग्री का अंतर रहा।
बिजौलियां क्षेत्र में गुरुवार देर रात मूसलाधार बारिश शुरू हुई। लगातार बारिश से 23 फीट भराव क्षमता वाला पचानपुरा बांध ओवरफ्लो हो गया। एरू नदी उफान पर आ गई। इससे तिलस्वां में रात दो बजे बाद हालात बेकाबू हो गए। तिलस्वां महादेव जाने वाला रास्ता जलमग्न होने से बंद हो गया। मंदिर के मुख्य गेट पर चार फीट पानी भर गया। निकट ही अस्थाई दुकानें पानी में डूब गई। घरों और दुकानों में भी पानी भर गया।
तिलस्वां में बीस दिनों में दूसरी बार बाढ़ के हालात बने। सड़क दरिया बनी हुई थी। तीन से चार फीट सड़कों पर पानी भरा हुआ था। सिविल डिफेंस की टीम मौके पर पहुंची और राहत-बचाव में जुट गई। विधायक गोपाल खंडेलवाल ने दूरभाष पर रूबरू होकर जनता से सुरक्षित स्थान पर पहुंचने का आग्रह किया।
मंदिर में फंसे एक हजार से अधिक दर्शनार्थियों को एरू नदी खतरे के निशान से सामान्य होने तक इंतजार करना पड़ा। मंदिर कमेटी ने भोजन की व्यवस्था करवाई। एरू नदी के उफान पर आने से 11 घंटे रास्ता अवरूद्ध रहा।
बारिश की चेतावनी को देखते हुए शनिवार को सभी विद्यालयों में अवकाश घोषित किया गया है। कलेक्टर जसमीत सिंह संधू ने इस संबंध में शुक्रवार देर रात आदेश जारी किया। आदेश के अनुसार, बच्चों का अवकाश रहेगा। जबकि विद्यालय स्टॉफ को अनिवार्य रूप से उपस्थित रहना होगा।
बिजौलियां में 182
जहाजपुर में 109
शकरगढ़ में 59
कारोही में 57
पारोली में 46
शाहपुरा में 44
मांडल में 35
हमीरगढ़ में 28
सहाड़ा में 27
बनेड़ा में 21
आसींद में 19,
मांडलगढ़ में 17
काछोला में 13