
संसद में हुई घटना के बाद विधानसभा अलर्ट है। 18 दिसंबर से शुरू हो रहे सत्र के दौरान विधानसभा की सुरक्षा और सख्त होगी। परिसर में सीमित संख्या में ही लोगों को प्रवेश मिलेगा। आगंतुकों को कड़ी सुरक्षा जांच से गुजरना होगा। एक विधायक की अनुशंसा पर सिर्फ एक व्यक्ति को ही परिसर में प्रवेश मिलेगा। पहले कई लोगों की अनुशंसा कर विधानसभा की दर्शक दीर्घा में समर्थकों को एंट्री दिला दी जाती थी, लेकिन इस बार सख्ती ज्यादा होगी। यहां तक कि नए विधायकों को भी जांच प्रक्रिया से गुजरना पड़ सकता है।
हर विधायक से आग्रह किया गया है सिर्फ व्यक्ति की अनुशंसा करें। विधानसभा के प्रमुख सचिव एपी सिंह ने समीक्षा बैठक में सुरक्षा व्यवस्था का रिव्यू किया। विधायकों को असुविधा न हो, इसका ध्यान रखा जाएगा।
16वीं विधानसभा के पहले सत्र में विधायकों का शपथग्रहण होगा। इस क्षण के गवाह बनने के लिए विधायकों के परिजन आना चाहेंगे, ऐसे में तय किया गया कि दर्शक दीर्घा के लिए एक विधायक की अनुशंसा पर सिर्फ एक को ही प्रवेश दिया जाए।
विधानसभा परिसर की सुरक्षा व्यवस्था और चाक चौबंद रहेगी। दर्शक दीर्घा में सीमित लोगों को ही प्रवेश मिलेगा। एक विधायक की अनुशंसा पर सिर्फ एक व्यक्ति को ही प्रवेश पत्र जारी किए जाएंगे। आगंतुकों को अपने साथ अपना परिचय पत्र भी लाना अनिवार्य होगा।
-एपी सिंह, प्रमुख सचिव, विधानसभा