Big Boss contestants entry fraud: टीवी रियलिटी शो 'बिग बॉस' (Big Boss) में बैक डोर से एंट्री कराने का लालच देकर भोपाल के डर्मेटोलॉजिस्ट से 10 लाख की ठगी हो गई। जानिए किस तरह ठग ने डॉक्टर को अपने झांसे में फंसाया।
mp news: टीवी रियलिटी शो 'बिग बॉस' में बैक डोर से एंट्री कराने का लालच देकर भोपाल के डर्मेटोलॉजिस्ट से 10 लाख की ठगी हो गई। भोपाल के कोलार रोड पर एंटी एजिंग क्लीनिक चलाने वाले डॉ. अभिनीत गुप्ता (36) मुंबई (अंधेरी वेस्ट) के इवेंट कंपनी के डायरेक्टर करण सिंह उर्फ प्रिंस ने 2022 में बिग बॉस में एंट्री कराने का भरोसा दिया।
डॉक्टर के अभिनय की इच्छा जानकार 50 लाख में सौदा किया। बतौर एडवांस 10 लाख ले लिए। कहा-आगामी सीजन में वे प्रतिभागी होंगे। उधर बिग बॉस के नए सीजन के लिए प्रतिभागी घोषित हो गए पर अभिनीत का नाम नहीं आया। दूसरा सीजन बीत गया। डॉक्टर ने करण से रुपए मांगे तो फोन उठाना बंद कर दिया। ऐसे में डॉक्टर ने चूनाभट्टी पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। (Big Boss contestants entry fraud)
पुलिस ने बताया कि डॉक्टर अभिनीत गुप्ता को साल 2022 में करण सिंह नाम के व्यक्ति क फोन आया था। उसने डॉक्टर को बताया कि वो इवेंट डायरेक्टर है और उसके कई प्रोडक्शन हाउस में अच्छी पहचान है। उसने डॉ. अभिनीत से कहा था कि वह उन्हें बिग बॉस शो (Bigg Boss) में बैकडोर एंट्री दिला सकता है। दोनों के बीच 50 लाख का सौदा हुआ अभिनीत ने 10 लाख रुपए एडवांस दे दिए। डॉ
इसके बाद जब बिग बॉस के प्रतिभागियों (कंटेस्टेंट्स) का नाम अनाउंस हुआ तो उसमें अभिनीत का नाम नहीं था। उन्होंने करण से बात की तो पहले उसने बहाना बनाया कि शो में उनकी एंट्री बैकडोर से होगी लेकिन जब ऐसा नहीं हुआ तो डॉक्टर अभिनीत गुप्ता ने करण से अपने 10 लाख रुपए वापस मांगे लेकिन वह बात को टालने लगा। कुछ समय बाद करण सिंह ने डॉक्टर अभिनीत का फोन उठाना भी बंद कर दिया। बाद में उसने फोन भी स्विचड ऑफ कर लिया है। इसके बाद वह पुलिस के शिकायत करने पहुंचे।
पुलिस ने करण सिंह के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है और उसकी तलाश शुरू कर दी है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या इसी तरीके से उसने और लोगों को भी शिकार बनाया है।