राजधानी की दक्षिण-पश्चिम विधानसभा के संभावित प्रत्याशियों ने बताया अपना विजन... - जन-एजेंडा 2018-23
भोपाल. आगामी विधानसभा चुनाव में राजधानी के दक्षिण-पश्चिम विधानसभा के संभावित प्रत्याशियों ने विकास के लिए अपने-अपने विजन सामने रखे हैं।
1. अतिक्रमण और स्लम मुक्त बनाना लक्ष्य - प्रदीप खंडेलवाल
चेंजमेकर प्रदीप खंडेलवाल के मुताबिक दक्षिण पश्चिम विधानसभा में सबसे बड़ी समस्या अतिक्रमण की है। इसमें बड़े लोगों के अतिक्रमण है और इसे हटाना जरूरी है।
इसके बाद बाढ़ के समय जलभराव की स्थिति से लोगों को बचाने व्यस्थित नालियां बनवाना। भोपाल का सबसे हराभरा क्षेत्र था, लेकिन विकास योजनाओं में हजारों पेड़ काट दिए गए, एेसे में क्षेत्र को फिर से हराभरा करना जरूरी है।
सड़कों की खुदाई को रोकना, सरकारी स्कूलों के भवन और शिक्षा की गुणवत्ता को बढ़ाने की जरूरत है। क्षेत्र को पूरी तरह से अतिक्रमण और स्लम मुक्त करके ही विकास किया जा सकता है। उन्होंने पूर्ववर्ती और वर्तमान जनप्रतिनिधियों द्वारा विधानसभा क्षेत्र में विकास को लेकर बरती गई अनदेखी को कठघरे में खड़ा किया है।
2. बेरोजगारी और स्लम बस्तियों की समस्याएं दूर करना प्राथमिकता: प्रदीप मोनू सक्सेना
कांग्रेस पार्षद एवं संभावित प्रत्याशी प्रदीप मोनू सक्सेना का कहना है कि बीते पंद्रह साल से भाजपा का विधायक यहां पर है। बावजूद इसके यहां के युवा बेरोजगार है, स्लम एरिया में मूलभूत सुविधाएं नहीं पहुुंच पाई है, नाली-सीेवेज लाइन जैसी सुविधा तक के लिए लोग मोहताज है। विधानसभा क्षेत्र में रहवासी कॉलोनियों के करीब शराब की दुकानें खुलवा दी गई है। असामाजिक तत्वों को बढ़ावा दिया जा रहा है। इससे महिलाएं, बच्चियां असुरक्षित है। इनकी सुरक्षा प्राथमिकता से दूर करने की जरूरत है। वैध कॉलोनियों को निगम के हस्तांतरित कर राहत देना, वृद्ध, विकलांग पेंशन, गरीबी रेखा के कार्ड में हो रही रिश्वतखोरी बंद कर सही व्यक्ति को लाभ दिलाने का लक्ष्य है।
3. विकास कार्यों को रखेंगे जारी: उमाशंकर गुप्ता
वर्तमान विधायक एवं मंत्री उमाशंकर गुप्ता के मुताबिक पूरे विधानसभा क्षेत्र में सड़कें, नालियां, जलापूर्ति की व्यवस्था हमने कराई है। पंद्रह साल में जितना विकास हुआ है, उतना पहले कभी नहीं हुआ। कभी ये क्षेत्र स्लम एरिया से भरा हुआ था, आज केंद्र व राज्य की मदद से पक्के आवास बन गए और लोगों ने यहां रहना शुरू कर दिया है। अब हम इसे भोपाल की स्मार्ट विधानसभा के तौर पर विकसित करने जा रहे हैं। पूरे टीटी नगर क्षेत्र को स्मार्टसिटी के तौर पर विकसित कर रहे हैं। नई सड़कें, ब्रिज और सरकारी कर्मचारियों के लिए अत्याधुनिक आवास का निर्माण हो रहा है। मेट्रो भी यहां से निकलेगी। अगले कार्यकाल में इसी विकास के एजेंडे पर आगे काम करेंगे।
4. हरेभरे क्षेत्र को पूरी तरह उजाड़ा: आलोक अग्रवाल
आम आदमी पार्टी के संभावित प्रत्याशी आलोक अग्रवाल के मुताबिक भाजपा और कांग्रेस के शासन ने शहर के हरेभरे क्षेत्र को पूरी तरह से उजाड़ दिया है। कहने को पॉश कॉलोनियों और शहर की प्राइम लोकेशन वाली विधानसभा है, लेकिन वास्तविकता में लोग बिजली गुल की दिक्कतों से जूझ रहे हैं।
महिला सुरक्षा बड़ा मुद्दा है। अतिक्रमण को सत्ता का प्रश्रय है और यहां सरकारी जमीनें सत्ताधारी दल से जुड़े लोगों ने कब्जा कर ली है। अपराधियों और गुंड़ों को यहां प्रश्रय मिल रहा है। आम आदमी रोजमर्रा की जिंदगी डर और भय के वातावरण में बीता रहा है। अपराधों पर लगाम नहीं है। एेसे में अब यहां से भाजपा को पूरी तरह बाहर करने की जरूरत है।