
भोपाल। कर्नाटक में मिली भाजपा को सफलता के बाद मध्यप्रदेश में भी भाजपा में उत्साह आ गया है। इधर, कांग्रेस ने शुक्रवार को पूरे प्रदेश में इस फैसले के खिलाफ प्रदर्शन करने का ऐलान किया है। इसके अलावा कांग्रेस मिशन 2018 के लिए प्लान बनाने में जुट गई है।
मध्यप्रदेश कांग्रेस ने आने वाले विधानसभा चुनाव के लिए ऐसा प्लान बनाया जो बूथ स्तर तक भाजपा को पछाड़ सकता है।
15 सालों से नहीं है सत्ता में कांग्रेस
मध्यप्रदेश में कांग्रेस के लिए भाजपा सबसे बड़ी चुनौती है। पिछले 15 सालों से कांग्रेस सत्ता से बाहर है। ऐसे में कांग्रेस को अपने बूथ स्तर तक जमीनी कार्यकर्ताओं को सक्रिय करना होगा।
गुटबाजी खत्म करने का दौर
कमलनाथ प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद से सभी गुटबाजी को खत्म कर सबको मिलजुलकर चुनाव लड़ने एकत्र कर रहे हैं। इसलिए कांग्रेस ने सत्ता में वापसी के लिए बूथ इकाई को मजबूत करने की तैयारी की है।
तो ऐसा है कांग्रेस का प्लान 2018
मध्यप्रदेश की 230 विधानसभा सीटों पर 57 सीटों पर कांग्रेस का कब्जा है। कांग्रेस ने मिशन 2018 के लिए उच्च स्तर से लेकर मतदान केंद्र तक की तैयारी तेज कर दी है।
-कांग्रेस ने माइक्रो मैनेजमेंट के आधार पर भी बूथ इकाई को मजबूत करने पर ध्यान देना शुरू किया है।
-सूत्रों की माने तो कांग्रेस मध्यप्रदेश के 65 हजार 150 बूथों पर स्पेशल टीम उतारने की तैयारी में है।
-इसमें बूथ पर 10 युवकों की टीम काम करेगी। इसमें 6 लाख 51 हजार युवा कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण देकर मैदान में तैनात किया जाएगा।
भाजपा की तरह है यह प्लान
भाजपा की तर्ज पर कांग्रेस ने भी यह प्लान बनाया है। इसकी थीम है "एक बूथ, दस यूथ"। गौरतलब है कि भाजपा यह फार्मूला मध्यप्रदेश के हर विधानसभा और लोकसभा चुनाव में अपनाती आ रही है।
-कांग्रेस पिछले तीन विधानसभा चुनावों में बुरी तरह हार का सामना कर रही है। लेकिन इस बार सभी 230 विधानसभा क्षेत्रों की बूथ इकाइयों को मजबूत करने की प्लानिंग हो रही है।
यह भी है खास
-कांग्रेस इस बार सत्ता विरोधी लहर को भुनाने की प्लानिंग में है।
-क्योंकि युवा ही सबसे अहम कड़ी होंगे।
-यदि कांग्रेस का 'एक बूथ, दस यूथ' प्लान सफलता से पूरा कर लेती है तो यही यूथ पार्टी को और अधिक मजबूत बना देंगे।
चार जोन में बंटा मध्यप्रदेश
सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस ने मध्यप्रदेश को चार जोन में बांटकर काम शुरू कर दिया है। प्रत्येक जोन में एक कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष के साथ एक सचिव को पार्टी को मजबूत करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इनका सहयोग करने के लिए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के समन्वयक भी जुड़े रहेंगे।
-इसके अलावा प्रत्येक विधानसभा सीट पर केंद्रीय नेतृत्व की ओर से नियुक्त एक कोऑर्डिनेटर को भी तैनात किया जाएगा। इनका काम बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं के साथ को-आर्डिनेशन कर जमीनी स्तर पर पार्टी को चुनाव के लिए मजबूती दिलाना होगा।
गुजरात की तर्ज पर होगी तैयारी
सूत्रों ने यह भी बताया कि मिशन 2018 का जो प्लान बना है उसमें खास बात यह है कि यह गुजरात की तर्ज पर रहेगा। 'एक बूथ, दस यूथ' प्लान के अंतर्गत 65150 बूथों पर कांग्रेसी युवाओं की तैनात किया जाएगा। 6 लाख 50 हजार युवा कार्यकर्ता 230 विधानसभा क्षेत्रों के बूथों पर सेवाएं देंगे।
-इसके अलावा बड़े नेताओं के रोड शो पर भी फोकस किया जाएगा।
इधर, भाजपा के प्रवक्ता राहुल कोठारी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा है कि कांग्रेस के पास कोई भी रणनीति नहीं है। प्रदेश में कांग्रेस सत्ता में वापसी करने के लिए भाजपा की ही नकल कर रही है।