
भोपाल. खजूरी इलाके से लापता बुजुर्ग का चूनाभट्टी थाना क्षेत्र स्थित कलियासोत डैम के करीब 13 गेट के पास शव मिला है। वह तीन दिन पहले घर पर एक लेटर छोड़कर निकले थे। वह काफी समय से बीमार चल रहे थे। पुलिस का अंदाजा है कि करीब 20 किलोमीटर का पैदल सफर कर वह यहां तक पहुंचे और पत्थरों के पास आराम करने बैठे होंगे और इस बीच उनकी भूख प्यास से मौत हुई होगी। पुलिस ने पीएम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया है।
पुलिस के मुताबिक रविवार शाम 13 गेट के पास कलियासोत डैम के चौकीदार शेर सिंह ने वहां एक व्यक्ति का शव पड़ा होने की सूचना दी थी। मौके पर जाकर देखा तो शव काफी नीचे पड़ा था और वह करीब 3 दिन पुराना लग रहा था। नीचे काफी संकरा रास्ता होने के चलते क्रेन की मदद से शव को बाहर निकलवाया गया। मौके से कोई दस्तावेज नहीं मिलने के चलते शव को हमीदिया मर्चुरी भिजवाकर शिनाख्ती के लिए आसपास के थाना क्षेत्रों में सूचना दी गई। सोमवार सुबह पता चला कि उक्त हुलिए के बुजुर्ग ग्राम ईंटखेड़ी छाप, थाना खजूरी सड़क इलाके से 3 जून से लापता हैं।
घर पर छोड़कर गए थे लेटर: मेरी तलाश मत करना अपनी मर्जी से जा रहा
खजूरी थाना पुलिस ने बताया कि 65 वर्षीय रामभरोस मीना ने शादी नहीं की थी और वह कई वर्षों से ग्राम ईंटखेड़ी छाप में जीजा जीतमल मीना और भांजे उदय के पास रह रहे थे। 3 जून को वह घर से बिना बताए कहीं चले गए थे। घर से परिजनों को एक पन्ने का लेटर मिला था जिसमें वह लिखकर गए थे कि मैं अपनी मर्जी से जा रहा हूं घर वालों को कोई परेशान न करे, मैं बीमार रहता हूं इसलिए अब वापस घर नहीं आउंगा। 4 जून को परिजनों ने खजूरी थाने में गुमशुदगी दर्ज करवाई थी।