
Twisha Sharma - ट्विशा शर्मा केस में आरोपी पति समर्थ सिंह और सास पूर्व जिला जज गिरिबाला सिंह की रिमांड बढ़ा दी गई है। अब ये दोनों आरोपी 30 जून तक ज्यूडिशियल कस्टडी में रहेंगे। आरोपी गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह की कोर्ट में वर्चुअल सुनवाई की गई। इस संबंध में बड़ा अपडेट सामने आया है। बताया जा रहा है कि सुरक्षा कारणों से यह कदम उठाया गया। ट्विशा शर्मा केस में पति समर्थ सिंह और सास पूर्व जिला जज गिरिबाला सिंह अभी सेंट्रल जेल में बंद हैं। मामला देशभर में सुर्खियों में बना हुआ है और लोगों ने सोशल मीडिया में आरोपियों पर जमकर गुस्सा जताया है। इसे देखते हुए समर्थ सिंह और गिरिबाला सिंह की सुरक्षा में अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। दोनों आरोपियों ने ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत मामले के मीडिया ट्रायल पर भी गहरी आपत्ति जताई है।
आरोपी समर्थ सिंह और पूर्व जज गिरिबाला सिंह को न्यायिक हिरासत में 2 जून को भोपाल की सेंट्रल जेल में ले जाया गया था। तब भोपाल कोर्ट ने उन्हें 14 दिन की ज्यूडिशियल कस्टडी में रखने के आदेश दिए थे।
सेंट्रल जेल में दोनों आरोपियों- समर्थ सिंह और पूर्व जज गिरिबाला सिंह को वीआईपी ट्रीटमेंट देने के आरोप लगे। इसकी खबरें बाहर आने और शिकायत पर कदम उठाते हुए जेल मुख्यालय ने कुछ अधिकारियों को इधर से उधर भी किया।
जेल जाने के पूर्व 2 जून को गिरिबाला सिंह ने भोपाल कोर्ट में अपनी सुरक्षा की गुहार लगाई थी। जस्टिस शोभना भालवे की कोर्ट में बहस के दौरान उन्होंने जेल में अपने लिए अलग सेल की मांग की थी। गिरिबाला सिंह ने कोर्ट को बताया कि वे भोपाल की जिला और सत्र न्यायाधीश व अपर सत्र न्यायाधीश के पद पर रह चुकी हैं। न्यायिक अधिकारी के रूप में उन्होंने कई आरोपियों को सख्त सजा सुनाई थी। इनमें कई हत्या आरोपी भी थे जिन्हें गिरिबाला सिंह ने दोषी पाते हुए उम्रकैद दी थी। ऐसे अनेक लोग अभी जेल में हैं जिनसे उन्हें खतरा है।
16 जून को समर्थ सिंह और गिरिबाला सिंह की न्यायिक हिरासत की मियाद पूरी हो गई। ऐसे में मंगलवार को नियमानुसार आरोपी मां बेटे को कोर्ट में प्रस्तुत किया जाना था। दोनों आरोपियों को जेल से कोर्ट ले जाने की बजाए वर्चुअल पेश किया गया। सुनवाई के बाद कोर्ट ने जेआर बढ़ा दी।
दरअसल आरोपी गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह को सुरक्षा कारणों से व्यक्तिगत रूप से जेल से बाहर कोर्ट नहीं ले जाकर ऑनलाइन पेश किया गया। सेंट्रल जेल से ही वारंट पेश किया और सुनवाई की गई। जेल अधिकारियों के मुताबिक सुरक्षा और प्रशासनिक कारणों से आरोपियों को वर्चुअल पेश किया। गिरिबाला सिंह के वकील ने पुन: कहा कि मीडिया में केस से जुड़ी तमाम जानकारियां दी जा रहीं हैं।