भोपाल

मध्यप्रदेश में बारिश और कोहरे की संभावना, बर्फीली हवाओं ने बढ़ाई ठंड

बर्फीली हवाओं से मध्यप्रदेश में बढ़ गई ठंड, अब बारिश और कोहरे का अलर्ट...।

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Dec 07, 2019
Current weather in Madhya pradesh

भोपाल। हिमाचल और उत्तराखंड में हुई बर्फबारी ( snow fall ) के बाद अब मध्यप्रदेश ( madhya pradesh ) में तापमान ( tempreture ) में गिरावट आने लगी है। सबसे कम तापमान 8 डिग्री पचमढ़ी ( pachmarhi ) में पहुंच गया है। आने वाले 24 घंटों के दौरान 9 जिलों में कोहरे की संभावना है, जबकि अगले सप्ताह कई जिलों में बारिश का पूर्वानुमान है।

मौसम विभाग ( IMD ) के ताजा बुलेटिन के मुताबिक अगले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के 9 जिलों में कोहरा छा जाने की संभावना है, जबकि अगले सप्ताह बारिश का पूर्वानुमान ( forecast ) जारी किया गया है। यह भी बताया गया है कि अब लगातार तापमान में गिरावट होगी।

WEATHER UPDATES

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पिछले 24 घंटों की स्थिति
मध्यप्रदेश में पिछले 24 घंटे मौसम शुष्क रहा। न्यूनतम तापमान शहडोल और ग्वालियर संभागों के जिलों में काफी बढ़े और शेष संभागों के जिलों में विशेष परिवर्तन नहीं हुआ। जबलपुर एवं इंदौर संभागों के जिलों में सामान्य रहा, जबकि रीवा, सागर और ग्वालियर संभाग अधिक रहा। मध्यप्रदेश में सबसे कम तापमान 9 डिग्री से तापमान बैतूल और मलाजखंड में रहा।

9 जिले में छा सकता है कोहरा
मौसम विभाग ( imd ) के भोपाल स्थित केंद्र के मुताबिक मध्यप्रदेश के 9 जिलों में कोहरा छाने की संभावना है। इन जिलों में कहीं-कहीं कोहरा देखने को मिलेगा। इनमें भिंड, मुरैना, श्योपुरकालं, ग्वालियर, दतिया, छतरपुर, टीकमगढ़, रीवा और सतना जिले शामिल हैं।

ट्रेनों पर पड़ सकता है असर
हर साल दिसंबर से जनवरी के बीच मध्यप्रदेश के भिंड, गमुरैना, ग्वालियर, दतिया से लेकर भोपाल तक कोहरा छा जाता है। इस स्थिति में कई दिनों तक इसका असर ट्रेनों की आवाजाही पर पड़ता है। ट्रेनें काफी विलंब से आती हैं।

फ्लाइट पर भी असर
दिसंबर और जनवरी में कोहरे के कारण फ्लाइट में भी काफी विलंब होता रहता है। कई फ्लाइट कैंसिल करना पड़ती है। कोहरे की स्थिति दिल्ली से भोपाल आने वाली उड़ानों पर पड़ता है। क्योंकि दिल्ली में कोहरे और प्रदूषण की वजह से विजिबिलिटी कम हो जाने का असर उड़ानों पर पड़ता है। सुबह के वक्त उत्तर भारत के दिल्ली से लेकर मध्यप्रदेश के भोपाल तक कोहरा रहने से कई फ्लाइट देरी से उड़ान भरती है।

यहां पड़ेगी बारिश के साथ ठंड
ग्वालियर (gwalior)
-ग्वालियर जिले में न्यूनतम तापमान 12 डिग्री से. और अधिकतम तापमान 25 डिग्री है। यहां आने वाले दो दिन कोहरा छाने की संभावना है। बादल छा जाएंगे। 11 दिसंबर से 13 दिसंबर के बीच बारिश की भी संभावना है।

सागर (sagar)
-सागर में न्यूनतम तापमान 12 डिग्री और अधिकतम तापमान 24 डिग्री हो गया है। यहां भी 11 से 14 दिसंबर के बीच बदल छाए रहेंगे और बारिश की संभावना जताई गई है।

भोपाल (bhopal)
-भोपाल में न्यूनतम तापमान 14 डिग्री और अधिकतम तापमान 24 डिग्री के आसपास बना हुआ है। यहां शनिवार को सुबह आंशिक कोहरा देखने को मिला। न्यूनतम तापमान में आंशिक बढ़ोतरी का अनुमान है, जबकि अधिकतम तापमान में धीरे-धीरे कमी होती जा रही है। 12 दिसंबर से भोपाल में भी गरज चमक के साथ बौछारें पड़ सकती है, इसके बाद कोहरा छाने लगेगा।

जबलपुर (jabalpur)
-जबलपुर में न्यूनतम तापमान 12 डिग्री और अधिकतम तापमान 25 डिग्री पर है। यहां भी 12 दिसंबर के पहले बादल छाने लगेंगे और इसके बाद दो-तीन दिनों तक बारिश का अनुमान है।

इंदौर (indore)
इंदौर में भी न्यूनतम तापमान 12 डिग्री है और अधिकतम तापमान 24 डिग्री पर है। 12 दिसंबर को यहां बारिश का अनुमान है 13 दिसंबर को कोहरा छा जाएगा। यहां भी अधिकतम तापमान में कमी आती जाएगी।

बैतूल (betul)
मध्यप्रदेश में सबसे ठंडे शहरों में बैतूल भी है, यहां न्यूनतम तापमान 9 डिग्री और अधिकतम तापमान 25 डिग्री बना हुआ है। यहां भी 12 दिसंबर को बारिश का अनुमान है। जिसके बाद तापमान में और गिरावट आएगी। कोहरा भी छा सकता है।

पचमढ़ी (pachmarhi)
मध्यप्रदेश का प्रमुख पर्यटन स्थल पचमढ़ी में न्यूनतम तापमान 8 डिग्री है। यहां सबसे अधिक ठंड पढ़ रही है। जबकि 12 दिसंबर को यहां बारिश का भी अनुमान है। इसी साथ दिन और रात के तापमान में अंतर कम होने के कारण दिन में भी ठंड बढ़ जाएगी। इसके बाद कोहरा भी छा जाएगा।


क्या कहते हैं मौसम विशेषज्ञ
मैडेन जूलियन ऑसिलेशन (MJO) सूचकांक वर्तमान में 1 से अधिक आयाम के साथ चरण 2 में है। 7 से 11 दिसंबर के दौरान इसके 1 से अधिक आयाम के साथ उसी चरण ( चरण 2) में ही रहने की संभावना है एवं बंद में यह पूर्व की और प्रचालित होगा । फिर 12 से 18 दिसंबर के दौरान यह चरण 3 में 1 से से थोड़ा कम आयाम के साथ जायेगा। पूरी अवधि के दौरान एमजेओ दोनों ही चरण और आयाम अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में अधिक से अधिक संवहन गतिविधि को बढ़ावा देंगे।

Updated on:
14 Dec 2019 11:10 am
Published on:
07 Dec 2019 04:17 pm
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