औद्योगिक क्षेत्र की जमीन का मामला
भोपाल. गोविंदपुरा औद्योगिक क्षेत्र में एक दिन पहले पार्क की भूमि को लेकर हुए विवाद के बाद अब उद्यमी पीछे हटने लगे हैं। उन्होंने इस जमीन के लिए न्यायालय में लगाई याचिका भी वापस लेने का मन बना लिया है। उनका कहना है कि जमीन सरकार की है, वह किसी को भी दे सकती है। गोविंदपुरा औद्योगिक क्षेत्र में करीब 13000 वर्गफीट जमीन पर गार्डन बना हुआ है, जिसकी देखरेख यहां के उद्यमी करते आ रहे हैं। अब इस जमीन को उद्योग विभाग ने आरएसएस की संस्था लघु उद्योग भारती को आवंटित कर दी है। इसे लेकर रविवार को काफी बवाल मचा था। विवाद के चलते पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह सहित करीब 200 कांग्रेस कार्यकर्ताओं के खिलाफ थाने में प्रकरण तक दर्ज हुआ था। अब गोविंदपुरा इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के सचिव मदन गुर्जर का कहना है कि हमें उद्योग संचालित करने से मतलब है। हम राजनीतिक विवाद में नहीं पडऩा चाहते।
इंडस्ट्रियल एरिया में पुलिस का पहरा
आवंटित जमीन पर पुलिस ने कड़ा पहरा लगा दिया है। थाना प्रभारी अशोका गार्डन आलोक श्रीवास्तव ने बताया कि दिग्विजय सिंह सहित उनके 200 समर्थकों के खिलाफ अशोका गार्डन थाने में मामला दर्ज किया गया है। वीडियो रिकार्डिंग देख कर कांग्रेस नेताओं के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज कर रही है।
प्रशासनिक व्यवस्था का किया जा रहा दुरुपयोग: कांग्रेस के जिला अध्यक्ष कैलाश मिश्रा ने कहा कि गोविंदपुरा विधानसभा क्षेत्र की भाजपा विधायक कृष्णा गौर तक को इस जमीन आवंटन के बारे में जानकारी नहीं दी गई है, इससे स्पष्ट होता है कि सरकार प्रशासनिक व्यवस्था का दुरुपयोग कर रही है। डीआइजी एवं कलेक्टर सरकार के इशारे पर काम कर रहे हैं। इनका जिले से बाहर तबादला किया जाना चाहिए।
पीछे हटने के लिए उन पर दबाव डाला गया होगा, मैं पता करवाता हूं। उद्योगपतियों ने तो मुझे लिखित में दिया था और विरोध भी जताया था।
दिग्विजय सिंह, सांसद
पार्क की जमीन जो पेड़-पौधे लगे हैं, उससे क्षेत्र की सुंदरता है। जमीन हमारी नहीं है और ना ही हम किसी तरह का कब्जा करना चाहते। हमारा किसी से झगड़ा भी नहीं है। विवाद के बाद अब हमने न्यायालय में लगी याचिका वापस लेने का मन बना लिया है।
अमरजीत सिंह, अध्यक्ष, गोविंदपुरा इंडस्ट्रीज एसोसिएशन