हज के मुकद्दस सफर के लिए प्रदेश से 80 फीसदी हजयात्रियों की रवानगी हो चुकी है। बीते 15 दिनों में सात हजार जायरीन मक्का और मदीना के लिए उड़ान भर चुके हैं, इनमें से एक भी सीधी उड़ान प्रदेश से शुरू नहीं हो पाई। वर्तमान में देश के पांच अलग-अलग एयरपोर्ट्स से यात्रियों ने अपने सफर की शुरुआत की है, जबकि अब भी डेढ़ हजार यात्रियों की रवानगी बाकी है।
भोपाल। हज के मुकद्दस सफर के लिए प्रदेश से 80 फीसदी हजयात्रियों की रवानगी हो चुकी है। बीते 15 दिनों में सात हजार जायरीन मक्का और मदीना के लिए उड़ान भर चुके हैं, हालांकि इनमें से एक भी सीधी उड़ान प्रदेश से शुरू नहीं हो पाई। वर्तमान में देश के पांच अलग-अलग एयरपोर्ट्स से यात्रियों ने अपने सफर की शुरुआत की है, जबकि अब भी डेढ़ हजार यात्रियों की रवानगी बाकी है। रविवार को एक ही दिन में सबसे अधिक 600 जायरीन रवाना हुए, जिनमें 314 महिला हजयात्री भी शामिल थीं।
हजयात्रा पर रवाना होने का सिलसिला जारी है। प्रदेश के यात्रियों को लेकर अब तक 45 हज उड़ान पूरी हो चुकी है। रविवार को यात्रा पर रवाना होने वालों की संख्या बाकी दिनों के मुकाबले ज्यादा थी। इनमें चार मुम्बई, तीन नागपुर और एक हज उड़ान लखनउ से थी। सुबह से ही एयरपोर्ट पर अकीदतमंदों का तांता लगा रहा और फिजां में 'लब्बैक अल्लाहुम्मा लब्बैक' की गूंज सुनाई दी।
12 जिलों से 653 जायरीन
हज कमेटी के रिकार्ड के मुताबिक प्रदेश के आठ जिलों से कुल 650 यात्री एक दिन में रवाना हुए हैं। इनमें इंदौर, शाजापुर, उज्जैन, धार, देवास, रतलाम, झाबुआ, छिदवाड़ा साहित कई जिले शमिल रहे। रवाना होने वालों में 335 पुरुष और 313 महिला हजयात्री शामिल थी।
हेल्पलाइन कर रही यात्रियों की मदद
राज्य हज कमेटी और केंद्रीय हज कमेटी की कमेटी की हेल्पलाइन से हजयात्री मदद ले सकते हैं। फ्लाइट शेड्यूल से लेकर यात्रा की तैयारी और इससे जुड़ी सावधानियों के बारे में इसमें बताया जा रहा है।
इंदौर से तीन हज उड़ान
प्रदेश से हज यात्रा के लिए सीधी उड़ानों की सुविधा अगले माह से शुरू होगी। इंदौर से हज के लिए तीन 3 फ्लाइट हैं। लगभग यात्री 400 यात्री इनमें रवाना होंगे।