
भोपाल। देश में कृषि के तीन कानूनों के खिलाफ सोमवार को किसानों ने भारत बंद रखा है। इसका असर मध्यप्रदेश में भी देखने को मिल रहा है। कई जिलों में किसान आंदोलन के लिए एकत्र हो रहे हैं, वहीं दिल्ली जाने वाली ट्रेनों पर भी इसका असर देखा जा रहा है। कई ट्रेनें रद्द होने से यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
देश में कृषि के तीन कानूनों के खिलाफ सोमवार को भारत बंद रखा गया है। दिल्ली में किसानों ने सुबह 6 बजे से शाम 4 बजे तक चक्काजाम रखा है। इस दौरान कई दिल्ली और आसपास के राज्यों में असर देखा जा रहा है। मध्यप्रदेश के भी कई किसान इसके समर्थन में प्रदर्शन कर रहे हैं।
भोपाल में भी प्रदर्शन
इधर, खबर है कि भोपाल के करोंद मंडी क्षेत्र में संयुक्त किसान मोर्चा का प्रदर्शन है, जिसमें पूर्व मुख्यमंत्री एवं राज्यसभा सदस्य दिग्विजय सिंह समेत कई कांग्रेस नेता शामिल हो रहे हैं। पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने वीडियो जारी कर देश के सभी नागरिकों किसानों के देश व्यापी बंद का समर्थन करने की अपील की है। दिग्विजय सिंह ने कहा है कि मैं देश के सभी नागरिकों से हाथ जोड़कर प्रार्थना करता हूं कि जो अन्न पैदा करके देता है, जो आपको भोजन देता है, उस अन्नदाता के साथ खड़े रहिए। किसानों की ओर से उनकी मांगों को लेकर किए जा रहे देशव्यापी बंद का समर्थन कीजिए।
भारी पुलिस बल तैनात
किसान आंदोलन को देखते हुए करोंद क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। मौके पर कलेक्टर अविनाश लवानिया भी स्थिति का जायजा ले रहे हैं।
जबलपुर में मिला-जुला असर
जबलपुर में बंद का मिला-जुला असर देखने को मिला। मसलन, दमोहनाका, विजय नगर, आधारताल आदि क्षेत्रों में लोग खरीदारी करते नजर आए। पुलिस ने शहर की बार्डर पर पुलिस फोर्स तैनात कर रखी थी। बाहर से आने-जाने वालों पर नजर थी। जबलपुर संभाग के कटनी, नरसिंहपुर आदि जिलों में भी कमोबेश यही आलम रहा। उधर मालवीय चौक, गोरखपुर, सदर बाजार समेत कई इलाकों में जरूर दुकाने बंद रहीं। बाजार में ग्राहक तो नजर आए पर दुकानें बंद होने से उन्हें निराशा हाथ लगी। वैस कई संगठनों ने अलग-अलग टोलियों में रैली निकालकर विरोध प्रदर्शन किया।
अशोकनगर में निकाली ट्रैक्टर रैली
अशोकनगर से खबर है कि करीब 500 ट्रैक्टरों के साथ शहर में रैली निकाली, इस दौरान शहर के सभी रास्ते बंद रहे और करीब 300 पुलिस जवान तैनात रहे। पुलिस ने बेरिकेड्स लगाकर किसानों को बाजार में नहीं घुसने और रैली को बायपास से निकाला गया। संयुक्त किसान मोर्चा के समर्थन में बाजार बंद रहा और सुबह करीब साढ़े दस बजे सभी दुकानें बंद रहीं। जब पुलिस ने रैली को बाजार में प्रवेश करने से रोक दिया और रास्ते बंद कर दिए तो कई दुकानें खुल गईं। हालांकि अशोकनगर शहर के अलावा जिले में अन्य कहीं न तो कोई प्रदर्शन हुआ और न हीं कोई दुकान बंद रही।